नवदुर्गा पर्व का पहला दिन मातारानी के नाम रहा। खचाखच रहे माता मंदिरों में मैया के जयकारे गूंजते रहे। हाथों में पूजा थाल लिए महिलाओं की भीड़ सुबह से ही मंदिरों की ओर दिखाई दी। वहीं, शाम को भी मंदिरों में आरती और भजनों की गूंज सुनाई दी।
शनिवार सुबह से ही पूजा-अर्चना का दौर शुरू हो गया। मंदिरों में घंटे घड़ियाल और जयकारे गूंजने लगे। धूप अगरबत्ती की सुगंध से माहौल महक उठा। मंदिरों में सर्वाधिक भीड़ महिलाओं की रही। ठंडी सड़क स्थित पथवारी मंदिर, जनता दुर्गा मंदिर, शांती नगर दुर्गा मंदिर, हनुमान गढ़ी, इंद्रपुरी शिव मंदिरों पर भक्तों की लाइनें रहीं। दोपहर तक परिसर खचाखच भरे रहे। वहीं घरों में भी घंटों पूजा-अर्चना का दौर चला। शाम होते ही फिर मंदिरों में महिला भक्त आरती के लिए पहुंचे। घंटों यहां भजन के दौर चले। ऐसे में माहौल भक्तिमय हो गया। युवतियों किशोरियों में सुबह सबसे पहले पूजा करने को लेकर होड़ रही। सुबह चार बजे ही नहा धेाकर यह लोग मंदिरों में पहुंचे।
भक्ति पर भारी महंगाई
पर्व की दस्तक के साथ ही महंगाई बेकाबू हो गई। फलों पर ही नहीं अन्य पूजा सामग्री पर भी इसका असर दिखाई दिया। शनिवार को सेब सवा सौ रुपये किलो बिका। अंगूर, संतरा, पपीता, केला आदि के दामों में भी 20 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई है। इतना ही नहीं पूजा में प्रयुक्त हरा नारियल 50 रुपए तक बिक गया। कुंभकारों ने भी घट, सरवा आदि के मनमाने दाम लिए।
सोशल मीडिया पर भी मातारानी
सोशल मीडिया में भी मातारानी और नवसंवत्सर छाया रहा। वॉट्सएप, फेसबुक आदि साइट्स पर नवरात्रे की शुभकामनाएं दिखाई दीं। लोगों ने माता व मंदिरों के आकर्षक फोटो ही पोस्ट नहंी किए वरन शुभकामनाओं को लेकर मैया के जमकर गुणगान भी किए।