बदलते मौसम के साथ ही मौसमी बीमारियों ने भी लोगों को अपनी चपेट में ले लिया है। खांसी, जुकाम व बुखार के मरीजों के अलावा मलेरिया के मरीज भी जिला अस्पताल व प्राइवेट क्लीनिकों पर उमड़ रहे हैं। जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन 1200 से 1300 मरीज पहुंच रहे हैं। वहीं अल्ट्रासाउंड कक्ष में एसी खराब होने के चलते मरीजों को परेशानी हुई और अल्ट्रासाउंड नहीं हो पाए।
इन दिनों मौसम बदल रहा है। कभी बारिश हो रही है तो कभी तेज धूप निकल आ रही है। इसके चलते बड़े बूढ़े व बच्चे मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं, सबसे ज्यादा मरीज खांसी, जुकाम, बुखार, डायफाइड व मलेरिया के हैं। घर-घर में एक-दो व्यक्ति इसकी चपेट में आया हुआ है। जिला अस्पताल ही नहीं प्राइवेट क्लीनिकों पर भी सुबह से लेकर सायं तक मरीजों की भीड़ लगी हुई है। जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन 1200 से 1300 मरीज आ रहे हैं। सोमवार को तो इनकी संख्या 1500 तक पहुंच गई। जिला अस्पताल प्रशासन दावा कर रहा है कि अस्पताल में पर्याप्त दवाओं की व्यवस्था है। दूसरी ओर, जिला अस्पताल में मंगलवार को अल्ट्रासाउंड कक्ष का एसी खराब होने से मरीजों को खासी परेशानी हुई। कुछ मरीजों के तो अल्ट्रासाउंड तक नहीं हो पाए और उन्हें बैरंग लौटना पड़ा।
25500 स्लाइड बनीं, मलेरिया के मिले 227 मरीज
एटा। जिला मलेरिया अधिकारी हरिप्रसाद ने बताया कि जनवरी से लेकर जुलाई माह तक जिले में मलेरिया की जांच के लिए 25500 स्लाइडें बनाई गईं, जिनमें से 227 मरीज मलेरिया से ग्रसित पाए गए। उन्होंने बताया कि वर्तमान में मलेरिया की दवाएं मौजूद हैं और यहीं पर मरीजों का उपचार किया जा रहा है।
रोगी सहायता केंद्र खोला
एटा। जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की सुविधा के लिए रोगी सहायता केंद्र खोला गया है, जहां कर्मचारी को बैठाया गया है। इस केंद्र के खुलने से अब मरीजों को भटकना नहीं पड़ेगा। कौन सा डाक्टर कहां बैठा है या नहीं है। जांचे कहां होनी हैं, पर्चे कहां बनने हैं आदि की जानकारी यहां से मिला करेगी।
यह बरतें सावधानी
एटा। शहर के फिजीशियन डॉ. पवन मिश्रा ने बताया कि इन दिनों में लोगों को स्वास्थ्य के प्रति सावधानी बरतने की जरूरत है। लोग नियमित भोजन करें। मौसमी फल खाएं, घर के आसपास गंदा पानी जमा न होने दें। कूलर में भी कई दिन तक पानी न रखें उसे खाली कर दें। पानी शुद्ध पीएं। बिना डॉक्टर की सलाह के दवाएं न लें व पूरे कपड़े पहनकर रहें।
क्या बोले सीएमएस
कल तक अल्ट्रासाउंड कक्ष में नया एसी लग जाएगा। बर्न वार्ड व इमरजेंसी में भी नया एसी लगवा दिया गया है। अस्पताल में दवाओं की पूरी व्यवस्था है।
-डॉ. प्रदीप कुमार, सीएमएस जिला अस्पताल एटा।