एटा। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण में भ्रष्टाचार कर धनराशि का गबन करने वाले पंचायत सचिव को शासन से निलंबित किया गया है। पंचायत सचिव ने अपात्र को आवास लेकर रकम हड़प कर ली थी। शिकायत पर जांच की गई तो मामला सही पाया गया। इसके बाद शासन को रिपोर्ट भेजी गई और उसे निलंबित कर दिया गया है। वर्तमान में वह हरदोई में एडीओ पंचायत के पद पर तैनात है।
वर्ष 2018-19 में ग्राम पंचायत मानिकपुर पर पंचायत सचिव धर्मेंद्र गुप्ता तैनात थे। इनकी तैनाती के दौरान पीएम आवास योजना ग्रामीण के तहत अपात्रों को धनराशि का बंदरबांट कर रकम हड़पी गई। एक अपात्र की शिकायत सीडीओ से की गई तो जांच परियोजना निदेशक को सौंपी दी गई। इस मामले में शिकायत को आधार बनाकर गंभीरता से जांच की गई तो 1 लाख 20 हजार रुपये का गबन पाया गया। जांच अधिकारी ने गबन की रकम राजकोष में जमा करने के लिए पत्राचार किया। लेकिन पंचायत सचिव की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई।
इसके बाद शासन को आवास में भ्रष्टाचार करने की रिपोर्ट भेज दी गई। इस रिपोर्ट के आधार पर निदेशक पंचायती राज उप्र अटल कुमार राय ने सचिव को निलंबित कर दिया है। परियोजना निदेशक सुरेंद्र सिंह गुप्ता ने बताया कि जांच में पंचायत सचिव ने सहयोग नहीं किया। गबन की रकम जमा करने के लिए पत्राचार किया गया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। रिपोर्ट के आधार पर शासन स्तर से निलंबन की कार्रवाई की गई है। धर्मेंद्र गुप्ता वर्तमान में जिला हरदोई के ब्लॉक पिहानी में एडीओ पंचायत के पद पर कार्यरत हैं। इसकी सूचना हरदोई को भी भेजी गई है।