एटा। जनपद मुख्यालय स्थल कचहरी परिसर में अदालत समय के बीच वादकारियों के वाहनों का ऐसा मेला लगा जाता है कि लोगों को निकलने की जगह भी नहीं मिल पाती, जिससे इस मार्ग पर गुजरने वाले प्रत्येक व्यक्ति को परेशानी होती है।कचहरी परिसर में बने अधिवक्ताओं के चैंबरों के चलते अधिवक्ताओं का अपने वाहन खड़ा करना तो लाजमी है। लेकिन अपने मामलों में पैरवी करने आने वाले वादी-प्रतिवादी आदि लोगों द्वारा कचहरी के मूल रास्ते के साथ गली-गलियारों में अपने वाहनों को खड़ा कर दिया जाता है। इससे अधिवक्ताओं के साथ-साथ खुद वादकारियों को भी आवागमन में परेशानी होती है। अचानक किसी को अपना वाहन निकालना पड़े तो उसे काफी मशक्कत करनी पड़ जाती है।
बार उपाध्यक्ष अरुण कुमार उपाध्याय ने बताया कि बीते साल उन्होंने डीएम को पत्र भेजकर इस समस्या से निजात दिलाने का अनुरोध किया। लेकिन अभी तक कोई कार्य नहीं हुआ। अधिवक्ताओं ने प्रशासन से वादकारियों के वाहनों के लिए स्थल निर्धारण की मांग की।