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कैश नहीं मिलने से नगरीया में ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, जाम लगाया

Thu, 17 Nov 2016 11:46 PM IST
Amar Ujala
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कैश नहीं मिलने से नगरीया में ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, जाम लगाया - फोटो : Amar Ujala
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न्यौली की नगरीया की स्टेट बैंक शाखा पर गुरुवार को बैंककर्मियों पर मनमानी का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने रास्ता जाम कर दिया। उनका कहना था कि स्टेट बैंक में रुपये न मिलने के कारण ग्रामीण और किसान कई दिनों से परेशान हो रहे हैं। जाम की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह ग्रामीणों को समझाबुझा कर शांत कराया।


नोट बंदी से हर लोग परेशान हैं। कहीं बैंक में कैश खत्म होने की शिकायत है तो कहीं कर्मचारियों पर अपने चहेते को बैक डोर से अंदर करने का आरोप लगाए जा रहे हैं। गुरुवार को कैश खत्म होने की सूचना पर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और वे सड़क पर आ गए। इस दौरान उन्होंने रोड जाम कर दिया। साथ ही नारेबाजी करने लगे। ग्रामीण जुगेंद्र ने बताया कि बैंककर्मी मनमानी कर रहे हैं। वह सर्वर नहीं चलने और कैश खत्म होने का बहाना बना रहे हैं।
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अपने चहेतों को रुपये दे रहे हैं। किसान और ग्रामीण लाइन में ही लगे रह रहे हैं। मौके पर पहुंचे इंस्पेक्टर ने किसी तरह ग्रामीणों का समझाबुझा कर शांत कराया।
उधर, ग्रामीण बैंक की अन्य शाखा में भी कैश नहीं होने से लोग परेशान रहे। इसके चलते लोगों को भुगतान नहीं दिया जा सका। यूनियन बैंक की शाखा पर भी कैश न होने के कारण लोागों को मायूस होकर लौटना पड़ा। ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक जेसी चतुर्वेदी ने कैश की उपलब्ध्धता न होने की जानकारी दी। उन्होंने इस संबंध में जिलाधिकारी से एसबीआई मेन ब्रांच से कैश उपलब्ध कराने की मांग उठाई।
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केनरा बैंक, पंजाब बैंक एवं एक्सिस बैंक पर भी लंबी कतारें लगी रहीं। पुलिस को कतारों को नियंत्रित करने में मशक्कत करनी पड़ रही थी। कई कई दिनों से लगातार नोट बदलने वाले लोग काफी परेशान थे। स्टेट बैंक की सहावर शाखा पर बुधवार की रात 10 बजे ही चादर और कंबल लेकर पहुंच गए। इस दौरान यहां लगाए गए बैरीकेडिंग के भीतर बैठे और सोते नजर आ रहे थे। स्थानीय निवासी सोरन सिंह ने बताया कि खेती बाड़ी केे लिए रुपये नहीं है। पूरे दिन लाइन में लगने पर भी रुपया नहीं मिला। अब मजबूरी में रात लाइन में ही गुजारनी होगी।
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