एटा। रक्तदान करने से कमजोरी, खून की कमी आदि हो सकती है.... इस तरह के मिथक अब टूट रहे हैं। लोग उत्साह के साथ रक्तदान करने पहुंचने लगे हैं। 14 जून को रक्तदान कर आप भी महादानी बन सकते हैं। अमर उजाला फाउंडेशन और एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स के तत्वावधान में मेडिकल कॉलेज की ब्लड बैंक में सुबह 11 बजे से शिविर का आयोजन किया जाएगा।मेडिकल कॉलेज के पैथोलॉजिस्ट डॉ. मधुप कौशल ने बताया कि रक्तदान को लेकर सबसे बड़ा भ्रम लोगों के मन में यह रहता है कि शरीर में खून की कमी हो जाएगी। लोगों को पता होना चाहिए कि खून देने के 48 घंटे बाद ही इसकी पूर्ति हो जाती है। कोई भी सेहतमंद व्यक्ति तीन महीने में एक बार आसानी से रक्तदान कर सकता है। लोगों का यह सोचना भी गलत है कि रक्तदान करने से कमजोरी आ जाती है या सेहत को नुकसान पहुंचता है। सच्चाई यह है कि रक्तदान से दिल की बीमारियों की संभावना कम होती है। यह शरीर में फालतू आयरन जमने से रोकता है।
शहर के सर्जन डॉ. राजीव कुलश्रेष्ठ बताते हैं कुछ लोग रक्तदान के लिए अपवाद हैं। कैंसर, एचआईवी के मरीजों और गर्भवती महिलाओं को रक्तदान नहीं करना चाहिए। कहा कि एक यूनिट रक्तदान कर किसी की जान बचाई जा सकती है। साथ ही रक्तदान करने वाला भी स्वस्थ रहता है।शरीर में खून बनने की प्रक्रिया तेज होती है।
रक्तदान के लिए इन नंबरों पर करें संपर्क
14 जून को रक्तदान कर आप भी महादानी बन सकते हैं। आप इन नंबरों पर 9528032461, 7053516037, 9412617248, 8218308793 संपर्क कर अपना पंजीकरण कराएं और रक्तदान कर महादानी बनें।