प्राथमिक विद्यालय नाथूपुर में बुधवार को मिड-डे मील के दूध में गड़बड़ी निकली। दूध से दुर्गंध उठ रही थी। तभी शिक्षकों ने इसे फेंक दिया। उस दूध को एक कुत्ते ने पीया उसकी मौत हो गई। इस मामले को लेकर अभिभावकों ने आक्रोश जताया डीएम से जांच करने की मांग उठाई।
प्राथमिक विद्यालयों में मिड डे मील के लिए गांव से ही दूध की खरीदारी की गई थी। इस दूध को इस दूध को उबालकर बच्चों के बीच बांटा जाता। दूध में जबरदस्त दुर्गंध आने लगी। बच्चों ने शिकायत की तो प्रधानाध्यापक लखपत सिंह ने दूध का परीक्षण करने के बाद उसे फिंकवा दिया। फेंक गए दूध को कुत्ते ने पी लिया और उसकी मौत हो गई। अभिभावकों को मामले की जानकारी हुई तो वो मौके पर आ गए। उन्होंने दूषित दूध की व्यवस्था पर आक्रोश जताया। ग्रामीण देवेंद्र सिंह, सतीशचंद्र, शंकरलाल, हीरादेवी, राजू, पूरन सिंह, मायादेवी, रामबेटी, गुड्डो देवी, लख्मीचंद, सत्यवीर आदि ने आक्रोश मामले की जांच कराने की मांग डीएम से की है।