एटा। एटा में चार वर्षीय बालिका से छेड़छाड़ के मामले में पॉक्सो विशेष न्यायालय ने कड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी को छह वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने दोषी पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है, जिसमें से आधी राशि पीड़िता को प्रतिकर के रूप में दी जाएगी। अर्थदंड जमा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
अभियोजन के अनुसार 15 फरवरी 2023 की शाम करीब सात बजे चार वर्षीय बालिका घर के बाहर खेल रही थी। गांव का ही युवक रंजीत उसे बहला-फुसलाकर खेत की ओर ले गया और वहां उसके साथ छेड़छाड़ की। बालिका की तलाश करते हुए पहुंचे परिजन ने आरोपी को मौके से भागते देखा। इसके बाद पुलिस को सूचना देकर मामला दर्ज कराया गया।
मामले की विवेचना के बाद पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर अपना पक्ष रखा। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और उपलब्ध साक्ष्यों का परीक्षण करने के बाद विशेष न्यायाधीश रेप एवं पॉक्सो एक्ट-प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश सारिका गोयल की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए छह वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। न्यायालय ने यह भी आदेश दिया कि आरोपी द्वारा जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। इसके अलावा अर्थदंड की 50 प्रतिशत राशि पीड़िता को प्रतिकर के रूप में दी जाएगी।