विधानसभा चुनाव 2017 को लेकर चुनाव आयोग हाईटेक हो चुका है। सुविधा, समाधान, संवाद, सुलेखा जैसे एप लांच कर आयोग निर्वाचन को निष्पक्ष बनाना चाहता है। वहीं जिला निर्वाचन कार्यालय अब भी सुस्त रफ्तार से चल रहा है। आयोग के निर्देश के बाद भी निर्वाचन विभाग की वेबसाइट अब तक अपडेट नहीं हुई है। वेबसाइट से डीएम शंभूनाथ का फोटो गायब है। चुनाव को लेकर जनता की सुविधा के लिए कोई भी जानकारी उपलब्ध नहीं है। वेबसाइट पर अब भी लोकसभा चुनाव 2014 का डाटा और सूचियां फीड हैं।
विधानसभा चुनाव को लेकर चुनाव आयोग काम को हाईटेक तरीके से कर रहा है। पिछले दिनों जारी हुए निर्देश में आयोग हर जिले की सूचनाओं और स्वीप गतिविधियों को वेबसाइट पर अपडेट करने को कहा था, लेकिन जिला प्रशासन आयोग के निर्देशों की धज्जियां उड़ा रहा है। वेबसाइट से जिलाधिकारी और जिला निर्वाचन अधिकारी का फोटो गायब है। अब तक विस चुनाव की तैयारियों से संबंधित कोई अपडेट वेबसाइट पर नहीं है। वेबसाइट पर कम्यूनिकेशन प्लान, बीएलओ की नई सूची, मतदान केंद्रों की सूची, आरओ एआरओ की सूची, नामांकन संबंधी निर्देश, अधिकारियों की सूची गायब है। जिले की वेबसाइट पर सिर्फ लोकसभा चुनाव 2014 और विधान परिषद चुनाव का डाटा फीड दिखाई दे रहा है। वेबसाइट पर पिछले वर्ष 2016 में आयोजित हुए एक कार्यक्रम का चित्र अपडेट है।
कंट्रोल रूम का महज एक नंबर
विभाग की वेबसाइट पर निर्वाचन कंट्रोल का एक ही नंबर दिखाई देता है। जबकि विभाग ने चार नंबर और एक टोल फ्री नंबर जारी किया है। ऐसे में विभाग की लापरवाही नजर आ रही है।