गंगनपुर स्थित 220 केवी सब स्टेशन पर लगे 40 एमवीए ट्रांसफार्मर में सोमवार
के सुबह तकनीकी खराबी आने के चलते आधे शहर की बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
इसके चलते सुबह लोग पानी के लिए भी तरस गए, वहीं कुटीर उद्योग भी बंद रहे।
गर्मी के चलते लोगों का बुरा हाल रहा। ट्रांसफार्मर में आई खराबी को सही
करने के लिए मैनपुरी से टीम बुलाई गई। सुबह आठ बजे से गुल बिजली शाम पांच
बजे सुचारु हुई।
बिजली विभाग के जर्जर उपकरण धोखा दे रहे हैं। गर्मी आते ही इनकी
क्षमता की पोल खुलने लगी है। सोमवार को 40 एमवीए के ट्रांसफार्मर में आई
तकनीकी खराबी के बाद दो उपकेंद्रों रेलवे रोड और कोतवाली देहात की आपूर्ति
ठप हो गई। इससे जुड़े क्षेत्रों में बिजली बंद रहने से हजारों उपभोक्ता
परेशान रहे। पेयजल संकट गहरा गया। इन्वर्टर भी धोखा दे गए। पंखे भी बंद हो
गए। मोबाइल चार्जिंग की परेशानी आ गई।
घरों में टीवी नहीं चल सके। इन
क्षेत्रों के चक्की, एक्सपेलर और अन्य कुटीर उद्योग संचालक कारोबारी हाथ पर
हाथ धरे बैठे रहे। सर्वाधिक परेशानी परीक्षार्थियों को रही। कंट्रोल रूम
का फोन स्थायी रूप से व्यस्त ही रहा। उपभोक्ता परेशान हो गए। सुबह उठते ही
सारे काम ठप हो गए। परेशान उपभोक्ता विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों के फोन
खटखटाते रहे, लेकिन कहीं कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इसके बाद मैनपुरी
से टीम बुलाई गई। जो दोपहर से काम में लगी तब जाकर शाम पांच बजे आपूर्ति
सुचारु हो सकी। दूसरी ओर विवि परीक्षा की तैयारी कर रहे परीक्षार्थी भी
बिजली न आने से परेशान रहे।
हजारों का फुंका डीजल
10 घंटे ठप
आपूर्ति के चलते इन्वर्टर धोखा दे गए। ऐसे में बाजारों में जेनरेटर का
सहारा लेना पड़ा। दुकानदारों का कहना है कि 10 घंटे की ठप आपूर्ति के चलते
बाजार में हजारों रुपये का डीजल फुंक गया। जेनरेटर के शोर और धुएं से भी
लोगों को परेशानी रही।
गंगनपुर बिजलीघर के 40 एमवीए क्षमता के
ट्रांसफार्मर में आई अचानक खराबी के चलते सुबह से रेलवे रोड और कोतवाली
देहात उपकेंद्रों की आपूर्ति बाधित रही। मैनपुरी से आई टीम ने आपूर्ति
सुचारु की।
- राजीव चतुर्वेदी, अधिशासी अभियंता शहरी