धान की पिछैती फसलों के पकने में हो रही देरी की वजह से जिले के सरकारी क्रय केंद्र अभी भी सूने पड़े हैं। हालांकि विभाग के अनुसार एक दो क्रय केंद्रों पर धान की आवक शुरू हो गई है। जिले में अभी भी 50 प्रतिशत से अधिक धान की फसल खेतों में खड़ी है। इसके चलते मंडी में भी धान की आवक कम है। दूसरी ओर धान की कम पैदावार के साथ-साथ किसानों को धान की कम कीमतें भी मायूस कर रही हैं। सुगंधा वासमती धान की कीमतें 950 से 1200 रुपये की बीच हैं, जो गत वर्ष की तुलना में लगभग एक हजार रुपये प्रति कुंतल कम है।
कमजोर मानसून को देखते हुए जिले में धान फसल की पिछैती रौपाई हुई थी, जिसके कारण नवंबर के शुरू होने के बाद भी सरकारी क्रय केंद्रों के साथ-साथ मंडी में भी धान की आवक न के बराबर है। बता दें कि जिला खाद्य एवं विपणन विभाग द्वारा धान की खरीद को लेकर एक माह पहले से ही तैयारियां कर ली गई थीं। लेकिन, समय से आवक शुरू न होने से विभागीय केंद्र भी खाली हाथ रहे हैं। विभाग के अनुसार सोमवार से धान की खरीद शुरू हो गई है। जिले में धान की खरीद को लेकर 12 क्रय केंद्र बनाए गए हैं। जिन पर 1410 रुपये के समर्थन मूल्य से धान की खरीद होनी है।