एटा। शारदीय नवरात्र शुरू होते ही शहर के बाजारों में फलों की मांग बढ़ गई है। व्रत रखने और मां दुर्गा को भोग लगाने के लिए श्रद्धालु केला, सेब, अनार, पपीता और खजूर समेत अन्य फल खरीद रहे हैं। त्योहार के बीच फलों की कीमतों में भी तेजी देखने को मिल रही है।
फलों की बढ़ती कीमतों से ग्राहकों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। नवरात्र में नौ दिनों तक व्रत रखने वाले श्रद्धालुओं के लिए फल प्रमुख आहार होते हैं। इसके अलावा मंदिरों और घरों में पूजा-अर्चना के दौरान माता रानी को भोग लगाने तथा प्रसाद बांटने के लिए भी फलों की खरीदारी की जाती है। मांग बढ़ने के साथ कुछ फलों के दाम में भी उछाल आया है।
अनार की कीमत में 50 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई है। इससे पहले 150 में बिक रहा था। इसी तरह खजूर 140 से 180 रुपये प्रति किलो महंगा हो गया है। पपीते की कीमत भी 50 से 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। वहीं कश्मीरी सेब के दाम में भी तेजी आई है।
नवरात्र के दौरान फलों की खरीदारी बढ़ने से ग्राहकों को अब पहले के मुकाबले अधिक रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं। खासकर अनार, खजूर और पपीता खरीदने वालों को बढ़ी कीमतों का सामना करना पड़ रहा है।
नवरात्र में माता रानी की पूजा-अर्चना और भोग के लिए फल खरीद रहे हैं। अनार के दाम 150 रुपये से बढ़कर 200 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। पपीता और खजूर के दाम भी बढ़े हैं। हर साल फलों के दामों में बढ़ोतरी हो जाती है। -शोभा भारद्वाज, ग्राहक
नवरात्र शुरू होते ही फलों की मांग बढ़ गई है। व्रत रखने वाले श्रद्धालु और पूजा के लिए फल खरीदने वाले ग्राहक अधिक आ रहे हैं। मांग बढ़ने से अनार, पपीता और खजूर के दाम में तेजी आई है। त्योहार के दौरान बिक्री बढ़ जाती है। -मुन्ना खां, फल विक्रेता
अलीगंज में नवरात्र के प्रथम दिन पूजा अर्चना करते भक्त। संवाद
अलीगंज में नवरात्र के प्रथम दिन पूजा अर्चना करते भक्त। संवाद
अलीगंज में नवरात्र के प्रथम दिन पूजा अर्चना करते भक्त। संवाद