गंगेश्वर कालोनी, जहां मानसून से पूर्व ही गलियों में जलभराव की स्थिति है। यहां के बाशिंदों को प्रतिदिन जलभराव और गंदगी के बीच से ही गुजरना होता है। कई बार तो नाली का गंदा पानी लोगों के घरों तक में प्रवेश कर जाता है।
गौरतलब हो कि गंगेश्वर कालोनी के बाशिंदों को जलभराव से निजात दिलाने के लिए पालिका ने नाला तो बनवाया लेकिन इंटरलाकिंग सड़कों निर्माण के समय अनदेखी की गई। कहीं सड़क ऊंची तो कहीं नीची। कई स्थानों पर तो नालियां सिल्ट और गंदग्री से अटी पड़ी हैं। पालिका के ठेकेदारों ने नालियां ऊंची कराने का कार्य शुरू किया लेकिन यह भी अभी तक अधूरा है। इस क्षेत्र के वार्ड नबंर 10, 11, 8 में बारिश से पूर्व ही जलभराव की स्थिति है, जिसके चलते लोगों को आवागमन भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में कई बार पालिका के अफसरों से शिकायत की गई लेकिन हर बार शिकायत अनसुनी कर दी गई।
नालियों की काफी समय से सफाई नहीं हुई। वर्तमान में चल रहे नाली निर्माण में भी मानकों की अनदेखी की जा रही। बनने के साथ ही नालियां टूटने लगी हैं।
शिशुभान सिंह, गंगेश्वर कालोनी वार्ड नं. 10
जलभराव के कारण पाइप लाइन के माध्यम से होनी वाली सप्लाई से प्रदूषित पानी घरों में पहुंच रहा है। बारिश से पूर्व ही हालात बदतर हो चुके हैं। पालिकाध्यक्ष कई माह पूर्व मौके पर मुआयना को पहुंचे लेकिन समस्या का निदान नहीं हो सका।
डॉक्टर प्रदीप, गंगेश्वर कालोनी वार्ड नं. 11
बारिश के दौरान जलभराव की समस्या के निजात दिलाने के लिए पालिका हर संभव कोशिश कर रही है। नालियों को ऊंचा किया जा रहा है। सफाई कर्मियों को भी सफाई कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
रूप किशोर कुशवाह, पालिकाध्यक्ष