एटा। मारहरा रोड स्थित सिराव गांव के पास बने मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार की रात छात्रों ने प्राचार्य के खिलाफ जमकर हंगामा किया। प्राचार्य द्वारा अभद्र भाषा का प्रयोग करने और 11 छात्रों को कॉमन रूम में बंद करने को लेकर छात्र नाराज थे। प्राचार्य की सूचना पर रात में ही पुलिस पहुंची और शनिवार को एएसडीएम ने पहुंचकर मामला शांत कराया।
एक दिसंबर को नए बैच के छात्र से कुछ बात सीनियर छात्रों की हो गई। प्राचार्य से शिकायत की गई। शुक्रवार की रात प्राचार्य अपने निजी सुरक्षा कर्मियों के साथ छात्रावास की ओर गए, छात्रों से अभद्र भाषा का उपयोग किया गया। एक सीनियर छात्र के साथ सुरक्षा कर्मियों द्वारा मारपीट की गई।
सूत्रों का कहना है कि इस दौरान 11 छात्रों को प्राचार्य सुरक्षा कर्मियों व अन्य स्टाफ के माध्यम से नीचे ले आए और कॉमन रूम में बंद कर दिया। इस पर छात्रों ने प्राचार्य के खिलाफ हंगामा शुरू कर दिया। हंगामा बड़ा तो छात्रों को रात एक बजे बाहर निकाला गया। छात्रों की मांग थी प्राचार्य अपने पद से इस्तीफा दें।
हंगामा होने की जानकारी पर पुलिस तीन गाड़ियों और बज्र वाहन के साथ पहुंची और छात्रों को समझाया, देर रात छात्र मान गए। इस मामले में शनिवार को एएसडीएम व अन्य अधिकारियों के साथ जांच करने भी पहुंचे।
30 छात्रों को किया था निलंबित
सूत्रों के अनुसार 15 दिन पहले एक शिकायत पर प्राचार्य द्वारा मेडिकल कॉलेज के तीस छात्रों को छात्रावास से निष्कासित व कॉलेज की सभी गतिविधियों से निलंबित कर दिया था। वहीं मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन किया था।
अव्यवस्थाएं हैं हावी
मेडिकल कॉलेज के छात्रावास में अव्यवस्थाएं हावी हैं। कभी पानी की समस्या तो कभी बिजली की समस्या रहती है। सूत्रों के अनुसार पानी की समस्या अधिक रहती है। छात्रों को पानी पीने के लिए केंपर बाहर से मंगाना पड़ता है।
छात्रों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की, इसे लेकर उन्होंने हंगामा किया। एएसडीएम आए मामला सुलझ गया है। नए बच्चे आए हैं तो पानी आदि की समस्या बढ़ गई है।
-डॉ. विवेक पाराशर, मीडिया प्रभारी मेडिकल कॉलेज
जूनियर, सीनियर व कॉलेज के प्राचार्य से बात की गई। मामला सुलझ गया है। जिन छात्रों को निलंबित किया गया था, उनकी वापसी हो गई है।
-अलंकार अग्निहोत्री, एएसडीएम