शहर के घंटाघर स्थित बजरिया बाजार में साड़ियां खरीदते लोग। संवाद
एटा। मकर संक्रांति पर्व के बाद मांगलिक कार्यों शुरूआत हो गई है। 5 फरवरी से शुरू होने वाले विवाह समारोहों ने शहर के बाजारों में दोबारा रौनक ला दी है। जिन घरों में शादियां तय हैं, उनके परिजन खरीदारी के लिए बाजारों का रुख कर रहे हैं। इससे व्यापारियों के चेहरों पर भी खुशहाली लौट आई है। कपड़ा, कॉस्मेटिक, बर्तन कारोबारियों को इस सहालग सीजन में अच्छी बिक्री की उम्मीद जता रहे हैं।शहर के बाजारों में इन दिनों ग्राहकों की भीड़ उमड़ रही है। कपड़े, ज्वैलरी, बर्तन, कॉस्मेटिक आदि की दुकानों पर ग्राहकों का तांता लगा है। लंबे समय से सुस्त पड़े बाजार अब फिर से गुलजार हो गए हैं। ग्राहक जुगेंद्र कुमार ने बताया कि उनके बेटे अमोल कुमार की शादी 10 फरवरी को है। वहीं, कल्याणपुर निवासी हरवीर सिंह ने बताया कि उनकी बेटी अंजली की शादी 16 फरवरी को है और वह लहंगा व अन्य वस्त्रों की खरीदारी के लिए बाजार आए हैं। मीरा देवी ने कहा कि उन्हें रिश्तेदारी के एक विवाह समारोह में जाना है। इसलिए वह सिल्क साड़ी खरीदने आई हैं। इस वर्ष सिल्क साड़ियों का विशेष क्रेज देखने को मिल रहा है। घंटाघर स्थित बजरिया बाजार के व्यापारी प्रवीन गुप्ता ने बताया कि मकर संक्रांति से ही शुभ कार्यों की शुरुआत हो जाती है। 5 फरवरी से शुरू हो रहे वैवाहिक कार्यक्रमों को देखते हुए उन्होंने पहले ही पर्याप्त माल मंगवा लिया था। साड़ियों की दुकानों पर खासा रुझान देखने को मिल रहा है। रेडीमेड कारोबारी राकेश गुप्ता ने बताया कि बच्चों के फैंसी कपड़ों की अधिक मांग है, जिसके चलते उन्होंने दिल्ली से विशेष रूप से फैंसी कलेक्शन मंगवाया है। उनका कहना है कि इस बार सहालग में बिक्री बेहतर रहने की उम्मीद है। पूरे जिले में फरवरी में सहालग सीजन का कारोबार दो करोड़ रुपये से अधिक पहुंचने का अनुमान है।