जीसुखपुर में निरीक्षण के दौरान लोगों से जानकारी करते सीएमओ उमेश त्रिपाठी। संवाद
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एटा। शीतलुपर ब्लॉक के गांव जीसुखपुर में बुखार की सूचना पर बुधवार को सीएमओ स्वास्थ्य टीम के साथ पहुंचे। कैंप लगाकर अपनी मौजूदगी में बुखार पीड़ितों की जांच कराई। इस दौरान डेंगू या मलेरिया का कोई मरीज नहीं पाया गया।
गांव जीसुखपुर में एक माह से बुखार फैला हुआ है। ग्रामीणों ने बताया था कि यहां बुखार से लगातार मौतें हो रही हैं। बुधवार को सीएमओ डॉ. उमेश त्रिपाठी सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी गांव में जा पहुंचे। स्वास्थ्य कर्मियों ने कैंप लगाकर मरीजों की खून की जांच की गई।
प्रभारी जिला मलेरिया अधिकारी लोकमन सिंह ने बताया कि गांव में बुधवार को 45 लोगों की डेंगू की जांच कार्ड से की गई। इस दौरान सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई। वहीं 230 लोगों की मलेरिया की जांच में कोई पॉजिटिव नहीं पाया गया। गांव में 15 बुखार पीड़ितों की डेंगू की एलाइजा जांच के लिए सैंपल लिए गए हैं।
साफ-सफाई रखने की कही बात
जीसुखपुर पहुंचे सीएमओ ने लोगों से कहा कि वह घरों के आसपास साफ-सफाई रखें। गमलों आदि में पानी भरने न दें। उन्होंने गांव में मच्छररोधी दवा का छिड़काव भी कराया।