एटा। जिले के सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का विस्तार किया जाएगा। निर्माण कार्य करने के लिए कार्यदायी संस्था को धनराशि आवंटित कर दी गई है। सीएचसी पर 50 और पीएचसी पर 10 बेडों की व्यवस्थाएं की जा रही हैं ताकि मरीजों को सहूलियत मिल सके।
जिले में चार सीएचसी और आठ पीएचसी संचालित हो रही हैं। यहां पर मरीजों को भर्ती करके बेहतर सुविधाएं देने के लिए बेडों की संख्या बढ़ाई जा रही है। अभी तक सीएचसी पर 30 शैया की व्यवस्थाएं हैं, जिनको बढ़ाकर 50 किया जा रहा है। जबकि पीएचसी पर चार से 10 बेड किए जाएंगे।
स्वास्थ्य इकाइयों पर बेडों की व्यवस्थाएं बढ़ जाने से मरीजों को लाभ होगा और उनको भर्ती करके उपचार दिया जा सकेगा। वर्तमान में गंभीर मरीजों के पहुंचने पर बेडों की संख्या कम होने के चलते भर्ती करना मुश्किल हो जाता है। जो बेड हैं, उनमें अधिकांश का उपयोग जननी शिक्षा सुरक्षा कार्यक्रम में किया जा रहा है। वहीं इस समय अलग से डेंगू वार्ड भी बनाए गए हैं। ऐसे में सामान्य वार्ड में बेडों की ज्यादा कमी है।
सीएमओ डॉ. उमेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि जलेसर, अलीगंज, बागवाला और चुरथरा सीएचसी पर 50 बेडों की व्यवस्थाएं हो जाएंगी। इसके अलावा पीएचसी सकीट, मिरहची, मारहरा, निधौली कलां, अवागढ़, जैथरा, खड़ौआ और राजा का रामपुर में चार से 10 बेड हो जाएंगे। इससे मरीजों के लिए सुविधाएं बढ़ेंगी।