एटा। जिले में स्थापित जवाहरपुर विद्युत तापीय परियोजना के लिए भारी संख्या में कोयले की आवश्यकता पड़ेगी। इसके लिए रेल लाइन से मालगाड़ी के माध्यम से कोयला परियोजना स्थल तक पहुंचेगा। इसके लिए एटा रेलवे स्टेशन से परियोजना स्थल मलावन तक लगभग 24 किमी लंबी रेल लाइन बिछाई गई है। इस पर लगभग सारा काम हो चुका है। अब विद्युतीकरण होना रह गया है। इसका काम तेजी के साथ कराया जा रहा है।
जिले में संचालित जवाहर तापीय विद्युत परियोजना में विद्युत उत्पादन प्रारंभ हो चुका है। इसके लिए अभी तो पर्याप्त मात्रा में कोयला उपलब्ध है, लेकिन आगामी समय में उत्पादन बढ़ेगा तो अत्यधिक कोयले की आवश्यकता पड़ेगी। इसी को देखते हुए एटा रेलवे स्टेशन से परियोजना स्थल तक रेल लाइन का निर्माण किया गया है। इस लाइन पर मालगाड़ी के माध्यम से कोयला झारखंड से परियोजना स्थल के अंदर ही पहुंचेगा।
इसके लिए रेल लाइन पर सिग्नल का काम भी लगभग पूरा हो चुका है। विद्युतीकरण का कार्य कराया जा रहा है। इसके अलावा इस रेल लाइन पर सिंहपुर लोयागांव के पास एक हाल्ट भी बनाया गया है। जिससे कि कोयले से भरी हुई मालगाड़ी यहां खड़ी की जा सकेंगी। परियोजना के महाप्रबंधक अजय कटियार ने बताया कि 15 नवंबर के आस-पास पहली मालगाड़ी आने की संभावना है।