एटा। दिवाली के पर्व पर झुलसने की तमाम घटनाएं होती हैं। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां की हैं। मेडिकल कॉलेज में सोमवार के लिए 5 अतिरिक्त चिकित्सकों की तैनाती की गई है। बर्न वार्ड में 10 बेड तैयार हैं, जरूरत पर इसे बढ़ाने की भी तैयारी है। इस बीच स्वास्थ्य विभाग ने सलाह जारी की है कि बच्चों को पटाखे अकेले हरगिज न चलाने दें। पटाखे चलाने के दौरान सुरक्षा व्यवस्थाएं भी रखें।
दिवाली पर किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए मेडिकल कॉलेज में 5 चिकित्सकों को अलग से लगाया गया है। नियमित ड्यूटी करने वाले चिकित्सकों और नर्सिंग स्टाफ की छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं। दिवाली पर लोग पटाखे चलाते हैं तो कभी-कभी चपेट में आने से बड़ा हादसा हो जाता है। इसकोे देखते हुए मेडिकल कॉलेज प्रशासन अलर्ट मोड पर है। सीएमएस डॉ. एस चंद्रा ने बताया कि 10 बेड का बर्न वार्ड पूरी तरह तैयार है। इमरजेंसी से लेकर वार्ड तक जरूरत की सभी दवाएं उपलब्ध हैं। आंख, कान, हड्डी के साथ ही मेडिसिन और बाल रोग चिकित्सक की भी तैनाती की गई है।
पटाखा चलाते समय रखें सावधानी-
बच्चों को अकेले पटाखे न चलाने दें।
आतिशबाजी करते समय पास में पानी भरकर जरूर रखें।
खुले मैदान में पटाखे चलाएं, सीधे संपर्क में न आएं।
सांस के रोगी मास्क लगाएं और प्रदूषण से दूर रहें।
आंख में चोट लगने पर साफ और ताजे पानी से धोएं, इसके बाद चिकित्सक को दिखाएं।
पटाखा चलाते समय जलने पर उस स्थान को पानी से अच्छी तरह साफ करें और एसओएस क्रीम लगाएं।
जले हुए स्थान पर टूथपेस्ट या अन्य प्रकार की कोई चीज न लगाएं।
आपात स्थिति में- 112, 102, 101, 1090, 108, 18001801900 और 1076 पर कॉल करें।