एटा। मेडिकल कॉलेज में सोमवार को इलाज कराने आए वृद्ध की मौत हो गई। पत्नी ने चिकित्सकों पर लापरवाही का आरोप लगाया।
रिजोर थाना क्षेत्र के गांव निधौली खुर्द निवासी देवजीत (60) सोमवार सुबह मेडिकल कॉलेज में पत्नी विद्या देवी के साथ इलाज के लिए आए थे। पत्नी पर्चा बनवाने के लिए लाइन में लग गईं। भीड़ अधिक होने से ज्यादा समय लग गया। तब तक देवजीत की हालत बिगड़ गई। उन्हें खून की उल्टी होने लगी। हालत बिगड़ती देख पत्नी रोने लगीं। सुनकर अन्य लोगों ने मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों व सुरक्षाकर्मियों को सूचना दी। चिकित्सकों ने वृद्ध को मृत घोषित कर दिया।
विद्या देवी ने बताया की पति की कुछ हफ्तों से तबीयत खराब चल रही थी। सोमवार को दवा लेने मेडिकल कॉलेज आए थे। अगर समय से चिकित्सक मेरे पति को देखकर इलाज कर देते तो उनकी जान नहीं जाती। वृद्ध की मदद को पहुंचे अमन ने बताया कि सुरक्षा गार्ड व चिकित्सकों से मरीज को देखने के लिए कई बार कहा। मगर कोई नहीं आया। चिकित्सकों द्वारा लापरवाही बरती गई। यह भी आरोप लगाया कि मदद के लिए पुकारने पर सुरक्षा गार्ड व चिकित्सकों ने धमकी भी दी।
सीएमएस डॉ. एस. चंद्रा ने बताया कि मामला जानकारी में है। वृद्ध की हालत गंभीर थी। मौके पर मौजूद सुरक्षा गार्ड ने वृद्ध को इमरजेंसी में भर्ती कराने के लिए बोला था। तब तक हालत ज्यादा बिगड़ गई। सूचना पर टीबी अस्पताल के चिकित्सक ने जाकर देखा। तब तक वृद्ध की मौत हो चुकी थी। लापरवाही का आरोप निराधार है।