नौ दिन पूर्व प्राइवेट पशु चिकित्सक नरेंद्र यादव की गोली मारकर हत्या करने के मामले में पुलिस द्वारा अभी तक खुलासा न करने पर मंगलवार को परिवारीजनों का आक्रोश भड़क गया। थाना पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सुबह 10 बजे करतला चौराहे पर जाम लगा दिया। करीब ढाई घंटा तक एटा-अलीगंज मार्ग ठप रहा। जानकारी पर एएसपी, सदर विधायक, एसडीएम सदर सहित पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गया। एएसपी ने सात दिन में खुलासा करने का आश्वासन दिया, तब ग्रामीण माने।
29 जून को थाना बागवाला के गांव सुरजनपुर निवासी नरेंद्र (24)को घर से भैंस बीमारी होने की बात कहकर अज्ञात लोगों ने फोन कर बुलाया था, जैसे ही वह गांव कनकपुर-लभैटा के पास पहुंचे तभी अज्ञात आरोपियों ने रास्ते में घेरकर गोली मारकर हत्या कर दी थी। मामले की रिपोर्ट पिता रामसरन ने अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध दर्ज कराई थी। एक सप्ताह से ज्यादा समय गुजरने के बाद भी पुलिस द्वारा घटना का खुलासा न किए जाने पर मंगलवार सुबह परिवारीजन, ग्रामीण थाना बागवाला पहुंचे। थानाध्यक्ष वहां नहीं मिले, अन्य पुलिस कर्मियों ने उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इस पर ग्रामीण भड़क गए और सुबह 10 बजे करतला चौराहे पर जाम लगा दिया। जाम लगाने की सूचना पर करीब आधा घंटा बाद पुलिस पहुंची और आक्रोशित लोगों को समझाने की कोशिश की, मगर ग्रामीणों ने जाम नहीं खोला।
बाद में जानकारी पर एएसपी विसर्जन सिंह यादव, सदर विधायक आशीष यादव, एसडीएम अजीत कुमार सिंह पहुंच गए और समझाने की कोशिश की, मगर ग्रामीण घटना के खुलासे की मांग पर अड़े रहे। आरोप था कि थानाध्यक्ष मामले में लापरवाही बरत रहे हैं, साथ ही आरोपियों को जानबूझ कर नहीं पकड़ नहीं रहे हैं। बाद में एएसपी ने एक सप्ताह में घटना के खुलासे का आश्वासन दिया, इसके बाद ग्रामीणों ने जाम खोला।
ढाई घंटे तक जाम में फंसे रहे लोग
जाम लगने से एटा-अलीगंज की ओर आने-जाने वाले वाहनों की कतार लग गई। कोई दूसरा रास्ता न होने से जाम में फंसे यात्रियों को खासी परेशानी हुई। दुपहिया वाहन आसपास के गांव आदि में से होकर निकले। इसके चलते शहर में भी यातायात का दबाव रहा। जीटी रोड पर जाम के हालात बने रहे।