एटा। मोहल्ला सुनहरी नगर में दिनदहाड़े रिश्तेदार बनकर एक घर में घुसकर रिटायर्ड शिक्षिका और उसके पति को बंधक बनाकर लाखों रुपये के जेवर और एक लाख रुपये की नकदी लूट ली। इसके बाद बदमाशों ने महिला के नाती को कब्जे में लेकर घर बेचने के पचास लाख रुपये मांगे। लेकिन महिला ने नाती को किसी और का बच्चा बता कर छुड़ा लिया। लूटपाट का विरोध करने पर बदमाशों ने शिक्षिका के सिर में तमंचे की बट मारकर घायल कर दिया।
कोतवाली नगर के मोहल्ला सुनहरी नगर निवासी गजेंद्रपाल अपनी पत्नी रिटायर शिक्षिका विश्व कुमारी, ढाई वर्षीय नाती माधव के साथ सोमवार दोपहर खाना खा रहे थे। दोपहर बारह बजे चार लोगों ने दरवाजा खटखटाया। आवाज सुनकर गजेंद्र पाल गेट पर पहुंचे तो बदमाशों ने खुद को रिश्तेदार बता कर दरवाजा खुलवा लिया। बदमाश मिठाई और केला लेकर घर में घुसे और गेस्ट रूम में जाकर बैठ गए। इसी बीच दूध वाला आया तो शिक्षिका दूध लेकर जैसे ही अंदर गई एक बदमाश ने अंदर से दरवाजा बंद कर दोनोें पर तमंचा तान दिया। महिला ने विरोध किया तो एक बदमाश ने सिर में तमंचा की बट मारकर घायल कर दिया। इसके बाद बदमाशों ने अलमारी खोलकर एक लाख रुपये कैश और पांच लाख रुपये कीमत के आभूषण लूट लिए। इसके बाद बदमाशों ने शिक्षिका के नाती को गोद में उठा लिया और जैथरा में बेचे मकान से मिले पचास लाख रुपये की मांग करने लगे। जब शिक्षिका ने रुपये नहीं होने की बात की तो बदमाश मासूम के अपहरण की धमकी देने लगे, लेकिन महिला ने किसी और बच्चा बताया तो बदमाशों ने मासूम को छोड़ दिया। लूटपाट के बाद बदमाश गजेंद्र पाल को कमरे में और विश्व कुमारी को स्टोर रूम में बंद कर फरार हो गए। बदमाशों के जाने के बाद पीड़ित दंपति ने किसी प्रकार खुद को बंधक मुक्त करा कर मामले की जानकारी पड़ोसियों को दी और मामले की सूचना पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पीड़ित दंपति से पूछताछ कर मामले की जांच शुरू कर दी है। गजेंद्र ने पाल ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ तहरीर दी है।
एटा। पीड़ित गजेंद्र ने बताया कि हाल में ही उन्हाेंने एक मकान बेचा है। जिसकी जानकारी ज्यादातर लोगों को नहीं थी। बदमाश बार-बार बच्चे के अपहरण की धमकी देकर यही पूछ रहे थे कि मकान बेचा था, उसके रुपये कहां है। अगर रुपये नहीं मिले तो बच्चें को उठा ले जाएंगे। चारों बदमाशों के हाथ में तमंचा था। पुलिस का कहना है कि मामले में किसी करीबी का हाथ हो सकता है मामले की जांच की जा रही है।
एटा। घर से कुछ दूरी पर सुनहरी नगर पुलिस चौकी भी है। बदमाशाें के हौसले इतने बुलंद है कि पुलिस चौकी के पास घटना को अंजाम दिया। स्थानीय लोगों की माने तो चौकी में पुलिसकर्मी कम नशेड़ी और जुआरी हर समय रहते हैं। खास बात यह है कि मुफ्ती की हत्या के बाद पूरा शहर छावनी में तब्दील है। इसके बाद भी बदमाशों ने पुलिस चौकी के करीब रहने वाले परिवार को आसानी से निशाना बनाते हुए पुलिस को चुनौती देकर वारदात की है।