तहसील क्षेत्र में जहरीली शराब पीने से 17 लोगों की मौत हो गईं जबकि 21 अन्य की हालत गंभीर बनी हुई हैं। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने शनिवार सुबह शव सड़क पर रख थाने के सामने और कायमगंज रोड पर जाम लगा दिए। पुलिस अधिकारियों ने सख्त कार्रवाई करने के भरोसा देकर जाम खुलवाए।
इस मामले में जिला आबकारी अधिकारी, सीओ, एसओ अलीगंज और आबकारी निरीक्षक सहित 11 आबकारी व पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया है। वहीं, देर शाम शराब बेचने के आरोपी श्रीपाल को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया गया है।
प्रमुख सचिव आबकारी किशन सिंह अटोरिया ने बताया कि पूरे मामले की जांच बैठा दी गई है। साथ ही प्रदेश भर में अलर्ट जारी कर चेकिंग के आदेश दिए गए हैं।
मरने वालों में पांच राजेश उर्फ रमेश (32), महीपाल (35), अतीक सिद्दीकी (32), चीनू ऊर्फ चीनी (28), अरविंद (32), विपिन (30), चरण सिंह (26) अलीगंज के मोहल्ला लुहाई दरवाजा के रहने वाले थे। वीरे उर्फ रामअवतार (40) व नरेश निवासी मोहल्ला बालकिशन, दाऊदगंज निवासी सोबरन (35) व धर्मपाल (45) सर्वेश (40) और नेत्रपाल (35) गांव भरपुरा के रहने वाले थे। इसके अलावा 24 अन्य को एटा, आगरा और सैफई में उपचार के लिए भेजा गया है।
इन सभी ने कस्बा अलीगंज के ही श्रीपाल से शराब खरीदकर पी थी, श्रीपाल को देर शाम पुलिस ने फर्रुखाबाद सीमा से गिरफ्तार कर लिया है। शुक्रवार शाम सबसे पहले भरपुरा निवासी सर्वेश की मौत हुई। इसके बाद शनिवार शाम तक एक-एक कर अन्य ने भी दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों की हालत गुरुवार को भी बिगड़ी थी। एसएसपी अजय शंकर राय ने बताया कि सबसे पहले मरने वालों की आंखों की रोशनी गई थी, जिसके बाद परिवारीजनों ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया, सीने व पेट में जलन और घबराहट के बाद सभी की मौत हुई है। मृतकों के परिवारीजनों की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कार्रवाई की जाएगी। उधर, घटना के बाद डीआईजी अलीगढ़ भी गोविंद अग्रवाल भी अलीगंज पहुंचे और मामले की जानकारी की। शनिवार रात नौ बजे एडीएम वित्त एवं राजस्व महेश चंद्र शर्मा और तहसीलदार आनंद सिंह ने 17 लोगों की मौत की पुष्टि की है।
इन पर गिरी गाज
अलीगंज में जहरीली शराब पीने से 17 लोगों की मौत की खबर से प्रशासन से लेकर शासन तक हड़कंप मच गया। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने घटना का संज्ञान लेते ट्वीट कर जिला आबकारी अधिकारी वीके शर्मा, सीओ आशाराम अहिरवार, आबकारी निरीक्षक विजय बहादुर, आबकारी सिपाही चंद्रबोस, एचएचओ अलीगंज मुकेश कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की जानकारी दी। एसएसपी ने भी एसएचओ अलीगंज के अलावा हलका इंचार्ज योगेंद्र शर्मा और पांच बीट कांस्टेबलों को भी निलंबित कर दिया है।
मृतकाें के परिवारीजनों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक मदद
एटा। जिलाधिकारी अजय यादव ने जहरीली शराब के सेवन से मरने वालों के परिवारीजनों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक मदद, पारिवारिक लाभ योजना, किसान बीमा योजना और आम आदमी बीमा योजना के तहत लाभ दिलाने की घोषणा की है। जिनका का इलाज चल रहा हैं,उन्हें 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी और उनका निशुल्क इलाज कराया जाएगा।
श्रीपाल को पहले ही पकड़ लिया होता तो न होती ये मौतें
जहरीली शराब से हुई मौतों के आरोपी श्रीपाल के धंधे की पुलिस और आबकारी विभाग दोनों को ही जानकारी थी। गत 19 जून को दोनों विभागों की टीमों ने उसके गांव टपुआ में दबिश भी थी, लेकिन वह फरार हो गया था। पुलिस ने कच्छी शराब बनाने की भट्टियां तोड़ दी थी, इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश बंद कर दी और श्रीपाल ने अलीगंज में अपना ठिकाना बनाकर फिर से अवैध शराब का धंधा शुरू कर दिया।