एटा। महंगाई के विरोध में कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। रसोई गैस व बिजली दरों में बढ़ोतरी का विरोध जताया। एटा शाखा मंत्री राजाराम यादव ने कहा कि प्रदेश में बिजली दरों में 23 प्रतिशत की वृद्धि का प्रस्ताव नियामक आयोग ने स्वीकार कर लिया है। राज्य में बिजली पहले से ही अन्य राज्यों की अपेक्षा महंगी है। इस प्रस्ताव के लागू होने के बाद आम लोगों के लिए समस्या खड़ी हो जाएगी।
ज्ञान सिंह बघेल ने कहा कि रसोई गैस सिलिंडर के दाम बहुत ज्यादा कर दिए गए हैं। केंद्र एवं प्रदेश की भाजपा सरकारों को आम आदमी, गरीब, किसानों, मजदूरों की कोई परवाह नहीं है। पहले से ही खाने-पीने की वस्तुओं पर जीएसटी लगाकर महंगा कर दिया है। अब बिजली तथा रसोई गैस में मूल्यवृद्धि से जीवन कष्टमय कर दिया है।
डीएम की अनुपस्थिति में पदाधिकारियों ने प्रशासनिक अधिकारी को राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा। बिजली दरों में बढ़ोतरी के प्रस्ताव को रद्द करने, रसोई गैस के दामों को कम करने और खाने-पीने की वस्तुओं से जीएसटी हटाने की मांग रखी। राजवीर सिंह, यतेंद्र कुमार बघेल, मोहम्मद फईम आदि मौजूद रहे। संवाद