उत्तर प्रदेश के एटा में नाबालिग किशोरी को बहला फुसला कर भगाने व लैंगिक हमला करने का आरोप साबित होने पर अदालत ने दोषी को दस साल के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 80 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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अपर जिला शासकीय अधिवक्ता विनय शर्मा ने बताया कि जलेसर पुलिस ने अलीगढ़ जिले के हरदुआगंज थाने के महमूदपुर निवासी अजय कुमार पुत्र हरवंश सिंह के खिलाफ आरोपपत्र अदालत भेजा। जिस पर क्षेत्र से 13 जुलाई 2017 को नाबालिग किशोरी को भगाने व उस पर लैंगिक हमला करने का आरोप रहा। जब पीड़िता के परिजन ने आरोपी के माता पिता से लड़की वापस कराने की मांग की तो उन लोगों ने भी लड़की के परिजन को धमकाया।
अदालत में जब 24 दिसंबर 2020 को आरोप तय हुए तो आरोपी ने आरोपो को झूठा बताया। एडीजीसी विनय शर्मा व विशेष लोक अभियोजक श्रीकृष्ण यादव ने गवाहों के माध्यम से आरोपों को साबित कराया। जिस पर विशेष न्यायाधीश एक्सक्लूसिव कोर्ट पॉक्सो एक्ट विकास गुप्ता ने आरोपी को दस साल के कारावास व कुल 80 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।