राजकीय जिला कृषि एवं औद्योगिक विकास प्रदर्शनी के पंडाल में बुधवार रात लोकगीत एवं नृत्य संध्या का आयोजन किया गया। लोकगीतों पर आधारित कार्यक्रम देखने के लिए काफी संख्या में दर्शक पहुंचे। रंगारंग कार्यक्रम में दर्शक भोजपुरी गीतों पर झूमते रहे। रंगा महोत्सव कार्यक्रम का शुभारंभ निर्वतमान जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह यादव ने किया।
रंग महोत्सव में मां वीणा वादिनी पर दीप प्रज्जवलन मुख्य अतिथि डा. राजीव कुलश्रेष्ठ वरिष्ठ सर्जन और राकेश गांधी अध्यक्ष नगर पालिका ने किया। माल्यार्पण विशिष्ट अतिथि डा. विशाल गुप्ता, डा. हरवंश राजपूत, विकास सक्सेना, भूपेंद्र प्रजापति, राकेश सिंह प्रशासनिक अधिकारी सामाजिक वानिकी प्रभाग ने किया। रंगारंग कार्यक्रम की शुरुआत मध्य प्रदेश की सुप्रसिद्ध लोक नृत्यांगना पूजा ने सत्यम शिवम सुंदरम वंदना पर नृत्य प्रस्तुत कर किया। इसके बाद मुंबई से आईं कानपुर निवासी यामिनी श्रीवास्तव ने भोजपुरी गीत सईयां जी दिलवा मांगे गमछा...सासुल पनिया कैसे लाऊं रसीले दोउ नैना, रंगीलो म्हारो ढोलना, लंबी जुदाई जैसे भोजपुरी, राजस्थानी, हरियाणवी गीत सुनाकर महफिल में समां बांध दिया। इटावा के लोकगायक अफरोज खान ने मेरे सपनों की रानी कब आयेगी तू, ये गलियां ये चौबारा यहां आना न दोबारा सुनाकर दर्शकों और श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। मध्य प्रदेश की नृत्यांगना कामिनी और आरती ने दर्शकों पर अपने नृत्य का ऐसा जादू किया कि दर्शक मंच के नीचे बैठे लोग थिरकने लगे तो पुलिस को व्यवस्था संभालनी पड़ी। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व विधायक प्रजापालन वर्मा ने किया। कार्यक्रम का संयोजक राकेश कश्यप रहे संचालन शशि किशोर सक्सेना ने किया। मंच व्यवस्थापक देवांश वर्धन ने अतिथियों का शॉल और माल्यार्पण कर अभिवादन किया गया।
नायब तहसीलदार जमशेद आलम, पूर्व ब्लाक प्रमुख वजीर सिंह यादव, उपेंद्र पाल सिंह एडवोकेट, पूर्व प्राचार्य भूपेंद्र शंकर समेत अनेक लोग मौजूद रहे।