मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को टूंडला के उसायनी क्षेत्र में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और बसपा पर जमकर निशाना साधा। मिशन 2027 के शंखनाद के रूप में देखी जा रही इस जनसभा के जरिए मुख्यमंत्री ने न सिर्फ 658 करोड़ों के विकास कार्यों की सौगात दी, बल्कि कानून-व्यवस्था और माफियाराज के मुद्दे पर विपक्ष को पूरी तरह बैकफुट पर धकेल दिया।
सीएम ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में अब नो कर्फ्यू, नो दंगा, सब चंगा है। वर्ष 2017 से पहले प्रदेश का बुरा हाल था, क्योंकि समाजवादी पार्टी के एजेंडे में विकास नहीं, बल्कि माफिया और गुंडाराज था। सपा के शासनकाल में केवल समाज को बांटने का काम किया जाता था।
विपक्ष को आड़े हाथों लेते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सपा के शासनकाल में एक जिला, एक माफिया योजना चलती थी, जहां उनके माफिया सीना तानकर चलते थे और अराजकता फैलाते थे। इसके विपरीत, भाजपा के राज में एक जिला, एक उत्पाद योजना चलती है। इसी का नतीजा है कि फिरोजाबाद का कांच और चूड़ी उद्योग आज लोकल से ग्लोबल तक पहुंचा है, जिसमें यहां के उद्यमियों और कारीगरों का बहुत बड़ा योगदान है।
सीएम ने उद्यमियों को राहत देने वाले फैसलों का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 में सरकार बनते ही उद्योगों पर होने वाली प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की अनावश्यक छापेमारी और उनके डंडे को रोका गया। इसके बाद सभी चीजों को अत्याधुनिक तरीके से सुव्यवस्थित किया गया।
अंधेरा पसंद करने वाले अंधेरे में डालते थे डकैती
बिजली संकट पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस, सपा और बसपा के राज में बिजली नहीं आती थी, क्योंकि उन लोगों को अंधेरा पसंद था और वे अंधेरे में डकैती डालते थे। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा सरकार में गरीबों को राशन, आवास, पेयजल और सड़क की सुविधा देना तो दूर, उनकी जमीनों पर कब्जे किए जाते थे। रामनवमी और श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पर्वों को मनाने से रोका जाता था और त्योहारों पर उपद्रव कराया जाता था।
सुहाग का प्रतीक हैं फिरोजाबाद की चूड़ियां
सीएम योगी ने सुहागनगरी के महत्व को बताते हुए कहा कि आज हर सनातन धर्मी फिरोजाबाद की चूड़ियों की ओर देखता है, क्योंकि यह सुहाग का प्रतीक हैं। डबल इंजन की सरकार इस पारंपरिक उद्योग को लगातार प्रोत्साहित कर रही है।