कलक्ट्रेट स्थित एनआईसी केंद्र पर बुधवार को सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए जिले के 12 चयनित किसानों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने सरकार की ओर से किसानों की हर संभव मदद करने का आश्चासन दिया। सूबे के मुख्य सचिव, कृषि उत्पादन आयुक्त, प्रमुख सचिव कृषि सहित कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों की समस्याआें को सुना और उन्नत खेती के लिए उनसे सुझाव मांगे। हालांकि एनआईसी केंद्र में मीडिया कर्मियों को अंदर जाने की अनुमति नहीं थी, बावजूद मुख्यमंत्री की वीडियो कांफ्रेंसिंग का हिस्सा बने कुछ किसानों ने इस संबंध में जानकारी दी।
विकास खंड जैथरा के गांव मानपुर निवासी किसान विनोद चौहान और विकास खंड शीतलपुर के गांव कुठिला लायपुर निवासी प्रेमपाल सिंह ने बताया कि वीडियो कांफ्रेंसिंग में सबसे पहले मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने किसानों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बरसात और ओलावृष्टि से फसल बर्बाद हो जाने के बाद सरकार किसानों को मुआवजा दे रही है। इसके अलावा सरकार आगे भी किसानों को मदद के लिए काम करेगी। उनके लिए कई लाभकारी योजनाओं का संचालन करेगी। इसके बाद किसानों से मुख्य सचिव आलोक रंजन, प्रमुख सचिव कृषि अमित मोहन प्रसाद व कृषि उत्पादन आयुक्त आनंद मिश्रा के अलावा कृषि वैज्ञानिक रूबरू हुए।
किसानों ने सूखा से बचने के लिए धान के ऐसे बीजों की शासन से मांग की इसमें किसानों को धान की अधिक सिंचाई न करनी पड़े। इसके अलावा किसानों से शासन से मांग की है कि फसलों की बर्बादी के बाद किसानों की कमर टूट गई। इसके चलते उन्हें सरकार खरीफ फसलों के लिए सस्ता बीज उपलब्ध कराएं। इस पर अधिकारियों ने किसानों को सब्सिडी पर बीज उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है।