एटा। नगर के प्रमुख बाजारों में दुकानदारों ने जगह-जगह नालों के ऊपर अतिक्रमण कर रखा है। इसके चलते जलभराव और गंदगी की समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। इस समस्या को लेकर अमर उजाला ने 1 जून को खबर प्रकाशित की। इस पर पालिका ने जलभराव से निपटने की रूपरेखा तैयार की है।पालिकाध्यक्ष सुधा गुप्ता ने बताया कि अब किसी भी प्रकार का अतिक्रमण नहीं होने दिया जाएगा। अगर कोई अतिक्रमण करने का प्रयास करेगा तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। पालिकाध्यक्ष एवं अधिशासी अधिकारी एसके गौतम ने शहर की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सफाई नायकों के साथ एक बैठक की।
इस बैठक में साफ तौर पर कहा गया कि सफाई के संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी। सभी 25 वार्डों के सफाई नायक दो शिफ्ट में बेहतर तरीके से सफाई कराएं। 15 जून के आसपास मानसून आने की संभावना है। इससे पहले ही शहर के सभी मुख्य नालों एवं नालियों की सफाई हो जानी चाहिए। शहर में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नाले-नालियों की सफाई होना बहुत जरूरी है।
इसके साथ ही नगर पालिकाध्यक्ष के पति पंकज गुप्ता ने शहर के विभिन्न बाजारों में घूमकर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। साथ ही नाले के ऊपर अतिक्रमण किए हुए दुकानदारों को चेतावनी दी कि वह अतिक्रमण स्वयं हटा लें अन्यथा कार्रवाई की जाएगी।