सर्दी शुरू होने के साथ ही घना कोहरे की चादर यातायात में बाधक बनने लगी है। आलम यह है कि रात ग्यारह बजे से लेकर सुबह आठ बजे तक घने कोहरे के कारण सड़क पर वाहन रेगने को मजबूर हैं। कोहरे के कारण सूर्य देवता के दर्शन भी दस बजे से पहले नहीं हो रहे। वहीं पैदल राहगीरों और स्टूडेंटस को कोहरे में सुबह हाईवे या सड़क पार करते वक्त दुर्घटना होने की आशंका से बच कर निकल रहे हैं।