एटा। शहर में नगर पालिका ने कुछ जगहों पर कूड़ाघरों का निर्माण कराया है, लेकिन एटा क्लब के सामने नहीं बनवाया गया। यहां फैले कूड़े से उठने वाली बदबू और गंदगी से इन दिनों कांवड़िये भी परेशान हैं।
शहर की लाइफ लाइन जीटी रोड को कहा जाता है। इस मार्ग से होकर प्रतिदिन हजारों लोगों का निकलना होता है। एटा क्लब और मेडिकल कॉलेज के सामने खुले में कूड़ा डाला जाता है। मशीनों से कूड़ा उठने की वजह से अवशेष रह जाते हैं और बारिश के बाद सड़न पैदा कर रहे हैं। इसकी वजह से दोनों ही जगहों पर बदबू फैल जाती है। एटा क्लब के सामने खुले में पड़े कूड़े के सामने से होकर कांवड़ियों के जत्थे निकल रहे हैं जो गंगाजल लेकर चलते हैं।
इनको शहर में बदबू का सामना करना पड़ रहा है। मेडिकल कॉलेज के सामने भी ऐसी स्थिति बनी हुई है। अगर दोनों जगहों पर पालिका की ओर से कूड़ाघर बनाए गए होते तो आज कांवड़ियों को परेशानियां नहीं उठानी पड़ती। जबकि शहर में कई अन्य जगहों पर कूड़ाघरों का निर्माण कराया जा चुका है। पालिकाध्यक्ष सुधा गुप्ता ने बताया कि पुराने डलावघरों को कार्य योजना में शामिल किया है। बारिश के बाद कार्य शुरू करा दिया जाएगा। वर्तमान में समय से कूड़ा उठाया जाता है ताकि लोगों और कांवड़ियों को परेशानियां नहीं हों।