गेहूं खरीद केंद्रों पर खुले आसमान के नीचे गेहूं की हजारों बोरियां खुले आसमान के नीचे रखीं है। ये बोरियां रविवार की रात को हुह बारिश में फिर से भीग गईं। अभी तक खुले में रखे गेहूं की बोरियों के 18 ट्रक ही रवाना हो पाए हैं,बाकि और बोरी उठने में एक दो दिन का समय और लगेगा। यदि फिर से गेहूं भीगा तो गेहूं की गुणवत्ता प्रभावित होने का खतरा पैदा हो जाएगा।
जनपद में अब तक 4343.55 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। अभी भी गेहूं की खरीद का सिलसिला जारी है। गेहूं खरीद का लक्ष्य भी 67 फीसदी ही पूरा हो पाया है। बारिश से पूर्व आठ हजार बोरियां गेहूं की खुले आसमान के नीचे रखीं हुईं थीं। जिसमें से 18 ट्रक बोरियां ही गोदामों में पहुंच पाईं हैं। शेष गेहूं को तिरपालों से ढका गया है,लेकिन इसके बावजूद भी बारिश में गेहूं भीग रहा है। तिरपाल केवल ऊपर के हिस्से में डाले गए हैं। बारिश की बौछारों से गेहूं की बोरियां रविवार की रात्रि को हुई बारिश में भीगीं। जिससे बोरियों में भीगा गेहूं फूलने लगा है। भीगे गेहूं की गुणवत्ता खराब होने के आसार हैं।
जिलाधिकारी आरपी सिंह ने खुले में रखे गेहूं को तत्काल गोदामों में पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। उनका कहना है कि गेहूं की पूरी तरह से सुरक्षा की जा रही है। शीघ्र ही सारा गेहूं गोदामों में पहुंच जाएगा। इस संबंध में सभी केंद्र संचालकों और खाद्य विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया जा चुका है।