एटा। मेडिकल कॉलेज में बृहस्पतिवार को बुखार आने की वजह से एक युवक की मौत हो गई। वहीं 3 मरीज मलेरिया पीड़ित मिले जिनको संचारी रोग वार्ड में भर्ती किया गया। इसके साथ ही 2200 से अधिक मरीजों ने विभिन्न बीमारियों का उपचार लिया।
मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में बृहस्पतिवार की रात करीब एक बजे विमल (18) निवासी अकोला जिला फिरोजाबाद को लाया गया। यहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। भाई सुरजीत सिंह ने बताया कि बुधवार को दोपहर में बुखार आया। बुखार की दवा दिलाई। रात को फिर से बुखार आ गया और हालात ज्यादा गंभीर हो गई। इसके बाद देर रात एटा मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में लाए यहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में सुबह 8 बजे से पर्चे बनना शुरू हो गए थे। 2200 से अधिक मरीजों ने विभिन्न बीमारियों का उपचार लिया। इस दौरान मेडिसिन विभाग में करीब 400 मरीजों ने बुखार, उल्टी, दस्त आदि बीमारियों की दवा ली। डॉ. अनुराग ने 40 गंभीर मरीजों को सामान्य वार्ड में भर्ती कराया। इस दौरान 3 मरीज मलेरिया पीड़ित निकले जिन्हें संचारी रोग वार्ड में भर्ती किया गया है। सुभाष बाबू निवासी मानपुर ने बताया कि 10 दिन से बुखार आ रहा था। गांव में ही दवा लेते रहे लेकिन बुखार ठीक नहीं हुआ।
बुधवार को मेडिकल कॉलेज में दवा लेने आए तो यहां पर चिकित्सकों ने मलेरिया की जांच कराई इसमें मलेरिया की पुष्टि हुई है। शंकुतला निवासी नगरिया ने बताया कि 12 दिन से बुखार आ रहा था। रविवार को मेडिकल कॉलेज में मलेरिया की जांच कराई इसमें मलेरिया की पुष्टि हुई। राधा निवासी नगला नानकार जैथरा ने बताया कि 6 दिन से बुखार आ रहा था। बुधवार को मेडिकल कॉलेज में दवा लेने आए। यहां पर चिकित्सकों ने मलेरिया की जांच कराई जिसमें मलेरिया की पुष्टि हुई। इसके बाद संचारी रोग वार्ड में भर्ती कर उपचार दिया जा रहा है।