एटा। जिले के सभी 36 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर रविवार को मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला लगाया गया। इसमें कुल 1232 मरीजों ने उपचार लिया। इसमें सबसे अधिक बुखार, सर्दी, पेट दर्द और त्वचा रोग के मरीज ने उपचार लिया।
मेले में 535 पुरुष, 523 महिलाएं, 174 बच्चे उपचार के लिए आए। चिकित्सकों ने 13 बुखार रोगियों की मलेरिया और 3 की डेंगू की जांच कराई। इसमें एक भी मरीज डेंगू व मलेरिया से पीड़ित नहीं निकला। इसके साथ ही पेट दर्द, कब्ज व गैस से संबंधित 206, सांस के 95 मरीजों का भी उपचार किया गया। 24 मरीजों में क्षय रोग के लक्षण देखे गए। इसके साथ ही लिवर से संबंधित 29, त्वचा के 243, बुखार के 86 के साथ 318 अन्य मरीजों ने उपचार लिया। सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि डायबिटीज के 51, एनीमिया के 4 मरीजों ने भी उपचार लिया।
नहीं हो सकी रक्त की जांच
निधौली कलां। बरई पीएचसी पर जन आरोग्य मेले में लैब टेक्नीशियन बृजेश की अनुपस्थिति के कारण खून की जांचें नहीं हो सकीं। वहीं क्षय रोग विशेषज्ञ भी उपस्थित नहीं थे। डाॅ. अनुज सिंह ने बताया कि एलटी और टीवी चिकित्सक की पिलुआ पर तैनाती थी। इस लिए बरई में टीवी और खून की जांच नहीं हो सकी।
अलीगंज में 319 मरीजों ने कराया इलाज
अलीगंज। गांव अलीपुर, भदकी, नगला गजपति, नयागांव और कस्बे के स्वास्थ्य केंद्र पर जन आरोग्य मेले में 319 मरीजों ने उपचार कराया। डॉ. अश्वनी मित्तल एवं डॉ. शिवकुमार राजपूत ने निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि मेले में सबसे अधिक मौसम में हुए बदलाव से पीड़ित एवं बुखार, सर्दी-जुकाम के मरीज आए।
राजा का रामपुर में 58 मरीजों का परीक्षण
राजा का रामपुर। कस्बे के अस्पताल में 58 मरीजों का परीक्षण कर दवा वितरित की गई। मेले में डॉ. दीपांशु गुप्ता, डॉ. रुचि, आलोक कुमार, अभिषेक कुमार, निशा सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।