देवरिया जिले के पिपरा देवराज गांव निवासी विजय प्रताप सिंह का नाम आखिरकार परिवार रजिस्टर में दर्ज हो गया। ग्राम सचिव ने ब्लॉक पर शुक्रवार को जब परिवार रजिस्टर की नकल दी तो विजय की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। कागज में अपना नाम देख विजय की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने मदद के लिए शुभचिंतकों के प्रति आभार जताया।
भटनी के पिपरा देवराज गांव निवासी विजय प्रताप सिंह के पिता रामअशीष उर्फ तूफानी की मौत हो चुकी है। आरोप है कि पिता की मौत के बाद पट्टीदार प्रधान ने लेखपाल और सचिव की मदद से वरासत पर धोखे से अपना व परिजनों का नाम दर्ज करा उनकी जमीन हड़प ली। इसकी जानकारी के बाद विजय ने अपने मामा अक्षयवर व गांव के सहयोगियों के साथ एसडीएम से मिलकर न्याय की गुहार लगाई। शिकायत सही मिलने पर उपजिलाधिकारी सलेमपुर ने लेखपाल अमजद अली को निलंबित कर विजय का नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज करने के निर्देश दिए।
साथ ही एसडीएम ने ग्राम प्रधान व उसके परिजनों पर धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज कराया। एसडीएम के आदेश पर गांव में दो बार बैठक की गई। उसमें सभी सदस्यों व ग्रामीणों ने विजय को असली वारिस बताते हुए परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज करने की अपील की। बैठक में निर्णय के बाद सचिव ने विजय का नाम दर्ज करने का प्रस्ताव एडीओ पंचायत को सौंप दिया। एडीओ की सहमति के बाद ग्राम सचिव ने शुक्रवार को विजय का नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज कर लिया।