बालाजी मंदिर में श्री ब्रह्मोत्सव कार्यक्रम का दूसरा दिन
बाहर के साधकों व विद्वतजन की देखरेख में सुबह व शाम हो रही अर्चना
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। कसया रोड स्थित तिरुपति बालाजी मंदिर में आयोजित श्री ब्रह्मोत्सव कार्यक्रम के दूसरे दिन विविध संस्कार आयोजित किए गए। वैदिक मंत्रों के बीच ध्वजारोहण हुआ और इसके बाद परिसर में भगवान वेंकटेश की सूर्य प्रभा सवारी निकाली गई। भक्तों ने वेंकट रमणा गोविंदा, गोंविदा का जयघोष कर माहौल को भक्तिमय बना दिया।
मंदिर के पीठाधीवर स्वामी राजनारायणाचार्य की देखरेख में सुबह में रक्षाबंधन, ध्वजारोहण, श्रीवेंकटेश की सूर्यप्रभा सवारी निकाली गई। दोपहर में अभिषेक कार्यक्रम एवं शाम को भेरीताडन, नित्ययज्ञ, श्रीवेंकटेश भगवान की शेषवाहन सवारी के बाद सेवाकाल गोष्ठी का आयोजन किया गया। पीठाधीश्वर ने बताया कि 14 मई से 20 मई तक मंदिर परिसर में चलने वाले ब्रह्मोत्सव कार्यक्रम को संपन्न कराने के लिए चेन्नई से एस सम्पत्कुमार भट्टाचारियर, तिरुचैरे सारनाथन, तमिलनाडु के प्रधान अर्चक श्रीरामन भट्टाचारियर, वृंदावन से राजगोपालन भट्टाचार्य, आचार्य शैलेष स्वामी, जगद्गुरु स्वामी अनन्ताचार्य, स्वामी रामचंद्राचार्य सहित अन्य विद्वतजन आए हुए हैं। नादस्वर बजाने के लिए तिरुपति से टीम आई है। कार्यक्रम का मु़ख्य आकर्षण विवाह उत्सव 17 मई की रात में होगा।
कार्यक्रम में अशोक अग्रवाल, रमेश बरनवाल, विजय मणि त्रिपाठी, मुक्तिनाथ त्रिपाठी, शरद अग्रवाल, गुलाब सिंह, संजय जाखोदिया, श्यामसुंदर खेतान आदि मौजूद रहे।