यूरिया की कालाबाजारी करने वालों पर कार्रवाई से कतरा रहे अफसर
धांधली सामने आने के बाद भी अफसरों की टेबल पर दबी हैं फाइलें
संवद न्यूज एजेंसी
देवरिया। जांच में यूरिया की कालाबाजारी पकड़े जाने के बाद भी जिम्मेदार दोषियों पर कार्रवाई से कतरा रहे हैं। जांच रिपोर्ट अफसरों की टेबल तक पहुंच गई है, लेकिन टाल-मटोल की जा रही है। सचिव और दुकानदार के बचाव में सफेदपोश जुट गए हैं।
पर्याप्त यूरिया होने के बाद भी जिले में यूरिया की कमी हो गई। यह जानकर अफसर हैरान हो गए। केंद्रीय टीम ने जिले की बीस दुकानों की सूची जिला प्रशासन को भेजी थी। टीम गठितकर इन दुकानों की जांच हुई तो धांधली सामने आई। रुद्रपुर, भाटपाररानी तहसील की कई साधन सहकारी समितियों के सचिव और दुकानदारों ने अपने परिवार के नाबालिग सदस्यों का आधार कार्ड उपयोग किया है। इतना ही जिन लोगों का खेती किसानी से कोई नाता नहीं है। उनका भी आधार कार्ड प्रयोग किया गया है। सभी दुकानदारों की सूची बनाकर जांच टीम ने कृषि उप निदेशक को सौंप दिया। पांच दुकानदार और सचिव ऐसे पाए गए हैं जो एक किसान के आधार कार्ड पर 200 से 300 बोरी यूरिया बेच दिए हैं। जांच रिपोर्ट अफसरों तक पहुंच गई है। कार्रवाई के बजाए धांधली करने वालों के बचाव में अफसर लगे हैं, इसमें कई सफेदपोश पैरवी भी कर रहे हैं। इस बाबत जिला कृषि अधिकारी मोहम्मद मुजम्मिल ने बताया कि जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौंप दी गई है। धांधली करने वाले दुकानदार किसी भी कीमत पर नहीं बचेंगे। कार्रवाई होनी तय है।