वाट्सएप पर फर्जी वीजा देकर हुआ फरार, बिहार पुलिस भी जालसाज पर कर चुकी है कार्रवाई
महुआडीह थाना क्षेत्र का है मामला
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। बेरोजगार युवकों को विदेश भेजकर उन्हें रोजगार दिलाने का दावा कर महुआडीह थाना क्षेत्र के एक जालसाज ने क्षेत्र के छह युवकों को ठगी का शिकार बनाया है। इन युवकों से रुपये लेकर उसने पीड़ितों के मोबाइल फोन पर वाट्सएप के जरिए दुबई का फर्जी वीजा भी भेज दिया। समय से पहले मामले का खुलासा होते ही एजेंट पीड़ितों से शेष रुपये वसूले बिना ही घर छोड़कर फरार हो गया। उसके झांसे में आए जंगलबेलवा गांव के गृजेश सिंह ने पुलिस को तहरीर देकर रुपये वापस दिलाए जाने एवं कार्रवाई की मांग की है। ऐसे ही मामलों में आरोपी पर बिहार पुलिस भी कार्रवाई कर चुकी है।
महुआडीह थानाक्षेत्र के एक गांव के रहने वाले एक जालसाज एजेंट ने बेरोजगार युवकों को विदेश भेजकर वहां नौकरी दिलाने के नाम पर क्षेत्र के छह गांव के छह युवकों को अपने झांसे में ले लिया। सभी छह युवकों से कुल 1.50 लाख रुपये ले लिया। शेष धनराशि वीजा देने के बाद तय हुई थी। जालसाज ने सभी के मोबाइल फोन पर वाट्सएप के जरिए पीडीएफ फाइल बनाकर दुबई का वीजा भेज दिया। 18 जून को लखनऊ से फ्लाइट भी होनी थी। लखनऊ जाने से पहले झांसे में आए युवकों ने शक होने पर वीजा के सत्यता की ऑनलाइन जांच कराई तो वीजा फर्जी निकला। उधर, जानकारी होते ही जालसाज मोबाइल फोन बंद कर फरार हो गया।
उसके झांसे में आए क्षेत्र के जंगलबेलवां गांव के रहने वाले गृजेश सिंह ने पुलिस को उसके खिलाफ तहरीर दी। उनका कहना है कि व्याज पर 15000 रुपये लेकर एजेंट को दे दिया। शेष बचे रुपये वीजा मिलने के बाद देने थे। आरोप है कि फर्जीवाड़ा उजागर होने के बाद युवकों से रकम ऐंठकर फरार हो गया। गृजेश सिंह ने रुपये वापस दिलाए जाने एवं उस पर कार्रवाई की मांग की है।
एसओ गिरीश चंद राय ने बताया कि मामले की जानकारी है। दिखवा रहा हूं। मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ से दुबई के लिए होनी थी फ्लाइट
पीड़ित गृजेश ने बताया कि वह बेरोजगार हैं। रोजी-रोटी के लाले पड़े हैं। इसलिए जालसाज के झांसे में आकर ब्याज पर रुपये लेकर दे दिए। फरार जालसाज का कहीं पता ही नहीं चल रहा। पुलिस भी उसे ढूंढने में दिलचस्पी नहीं ले रही है।