देवरिया के अधिकारियों और कर्मचारियों की लापरवाही के चलते सीएमओ की फजीहत हो रही है। नाराज सीएमओ ने मंगलवार को सभी प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, चिकित्सा अधीक्षक, एचईओ और डाटा इंट्री आपरेटर की बैठक ली। सभी की जमकर क्लास ली और खरी-खरी सुनाया।
पिछले वित्तीय वर्ष की शुरूआत में सीएमओ डॉ. डीके सिंह ने अधिकारियों-कर्मचारियों की बैठक कर मदर चाइल्ड ट्रेकिंग सिस्टम (एमसीटीएस) में गर्भवती का रजिस्ट्रेशन, वैक्सीनेशन और छह महीने तक हरहाल में देखभाल करने का निर्देश दिया था। इसमें गर्भवती को एक आईडी नंबर दिया जाता है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों ने इसमें लापरवाही की। प्रसूता को भुगतान के समय इस आईडी नंबर की जरूरत पड़ रही है।
आईडी नहीं होने से इस वित्तीय वर्ष से भुगतान नहीं हो रहा है। लापरवाही जानकारी होने पर सीएमओ ने छुट्टी के दिन सभी प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, सीएचसी के अधीक्षक, एचईओ की बैठक बुलाया। सभी को नसीहत दी। उन्होंने कहा कि यदि इसके बाद भी लापरवाही होगी तो कार्रवाई तय है। उन्होंने कहा कि पीएचसी और सीएचसी के लोग यह तय कर लें कि प्रसूता को कम से कम 48 घंटे तक अस्पताल में रखें। क्योंकि यह समय जच्चा-बच्चा के लिए संवेदनशील होता है।