नोनापार चौराहे पर राजेश तिवारी के बारे में चर्चा करते गांव के लोग
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भटनी (देवरिया)। विंग कमांडर का अंतिम संस्कार गुरुवार को नई दिल्ली में हुआ। 11 वर्षीय बड़ी बेटी सौम्या ने जब पिता की चिता में आग लगाई तो मौजूद घरवालों की आंखें भर आईं। नोनापार गांव के लोग आज भी गम में डूबे रहे।
नोनापार के महातम तिवारी के छोटे बेटे राजेश तिवारी वायुसेना विंग कमांडर थे। वर्तमान में उनकी तैनात हरियाणा के सिरसा में थी। बुधवार को सर्विस रिवाल्वर से गोली मारकर राजेश ने खुदकुशी कर ली। बेटे की खुदकुशी की जानकारी होते ही घरवाले बदहवाश हो गए और गांव में मातम छा गया। उनके माता-पिता रिश्तेदारों के साथ दिल्ली पहुंच गए। कांपते हाथों से बेटी ने मुखाग्नि दी।
गांव के मुन्ना मिश्र, शिवानंद तिवारी, विनय तिवारी आदि लोगों से विग कमांडर के बारे में चर्चा की गई तो उनकी बीते दिनों की बातों को याद कर लोगों की आंखें की नम हो गईं। महातम तिवारी पूर्वोत्तर रेलवे से सेवानिवृत्त होने के बाद पत्नी के साथ नोनापार में रहते हैं।