डाकघर में मिलेंगी अब कई सुविधाएं
- फोटो : demo pic
देवरिया। डाकघर के जिम्मेदार एक अजब समस्या से जूझ रहे हैं। एसबीआई ने प्रधान डाकघर का रुपये लेने से इंकार कर दिया है। बैंक की आनाकानी से डाक महकमा में हड़कंप मच गया है। इस कारण देवरिया और सलेमपुर में 1.5 करोड़ रुपये फंस गए हैं।
डाकघर ग्राहकों से 500-1000 रुपये जमा नहीं कर रहा है। यह सभी 500-1000 रुपये के नोट हैं। बैंक प्रबंधन का दावा है कि कैश जमा करने से मना किया गया है। 500-1000 के नोट पर प्रतिबंध के बाद अकाउंट में जमा करने के लिए होड़ मच गई। ग्राहकों ने प्रधान डाकघर, उप डाकघर, ब्रांच ऑफिस में 500-1000 का नोट अपने अकाउंट में जमा किया।
देवरिया के डाकघरों से 1.5 करोड़ जमा हुआ। प्रधान डाकघर देवरिया में एक करोड़, सलेमपुर डाकघर में 50 लाख रुपये जमा हुए। इसके बाद डाक कर्मचारी राघवनगर और सलेमपुर स्थित एसबीआई में जमा करने पहुंचे। यहां पर बताया गया कि डाकघर का कैैश जमा करने पर रोक है। अधिकारियों का आदेश है कि डाकघर का रकम नहीं जमा किया जाए।
मान-मनुहार के बाद भी बैंक के जिम्मेदार नहीं माने। इसके बाद कर्मचारियों ने डाक अधीक्षक को अवगत कराया। मामला बनता नहीं देख कर्मचारी लौट आए और रकम को कोषागार में लाकर जमा करा दिया। एहतियातन अब डाक विभाग ने ग्राहकों से कैश नहीं जमा कर रहा है। इसके चलते रोजाना सैकड़ों ग्राहक लौट रहे हैं। डाक अधीक्षक सूबेदार सिंह ने पीएमजी समेत बैंक के अन्य अधिकारियों को हालात से अवगत कराया है।