भागलपुर - मईल मार्ग बन्धे पर बना नदी का दबाव
भागलपुर। बैराजों से पानी छोड़े जाने की वजह से सरयू नदी हफ्ते भर से उफान पर थी। शनिवार की सुबह से नदी का जलस्तर में कमी आने लगी है।
रात में स्थिर रहने के बाद शनिवार की शाम चार बजे तक तीन सेमी की कमी दर्ज हुई है। नदी अब भी खतरे के निशान से 47 सेमी ऊपर बह रही है। इससे तटवर्ती इलाकों के लोगों को राहत तो मिली है मगर दहशत बरकरार है।
केंद्रीय जल आयोग तुर्तीपार के अनुसार, शुक्रवार की शाम चार बजे नदी का जलस्तर 64.51 मीटर दर्ज किया गया था। नदी घटकर शनिवार की शाम को चार बजे 64.48 मीटर पर पहुंच गई। नदी तुर्तीपार गेज मीटर पर अंकित खतरे के निशान 64.01 मीटर से 47 सेमी ऊपर है।
तटवर्ती गांवों देवसिया और नरियांव, छित्तूपुर के निचले इलाकों में पानी भरा है। रिहायशी इलाकों से पानी निकलने में अभी दो से तीन दिन का समय लग सकता है। बाढ़ खंड के सहायक अभियंता उपेंद्र कुमार ने बताया कि नदी के जलस्तर में कमी हो रही है। संवाद