सोमवार को मौनी अमावस्या के अवसर पर नगर के पवित्र सरयू नदी में लाखों श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाकर मोक्ष की कामना की। भोर से शुरू हुआ स्नान दोपहर तक जारी रहा।
स्नानार्थियों ने गरीबों में अन्न, वस्त्र, रुपये दान किए और मंगल की कामना की। क्षेत्र के थानाघाट, तुलसीघाट, संत रविदासघाट, जहाजघाट, सीताघाट, महिला घाट, तिवारीपुर, गौराघाट सहित, कपरवार संगम तट, पैना सतीहड़ा घाट पर श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई।
पावन सरयू में स्नान के लिए स्नानार्थी रविवार की शाम से ही नगर में आना शुरू हो गए थे। सोमवार की भोर से ही स्नान का दौर शुरू हुआ तो दोपहर तक जारी रहा।
बिहार के जिलों के अलावा पडरौना समेत कई स्थानों से लोग स्नान, दान के लिए यहां पहुंचे। नगर प्रशासन ने भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष प्रबंध किया था।
वाहनों का नगर में प्रवेश वर्जित था। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर नदी तट की ओर जाने वाले मार्ग पर भारी वाहनों सहित दोपहिया वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी थी।
एसडीएम मायाशंकर यादव, सीओ सुधीर शर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष अजीत जायसवाल, एसओ परमाशंकर यादव, रामवृक्ष यादव, मिथिलेश्वर शुक्ल, बाबूराम, प्रदीप यादव सरयू तट पर सुरक्षा आदि व्यवस्थाओं का जायजा लेते रहे।
नगर पालिका अध्यक्ष ने घाट पर श्रद्धालुओं के लिए टी स्टॉल लगवाया था। समाजसेवी अरविंद जायसवाल, विजय नेता, अनिल निषाद, सुधीर आदि लोग श्रद्धालुओं की सेवा में जुटे रहे।