निजीकरण के विरोध में रेल कर्मियों ने किया प्रदर्शन
रेल बचाओ देश बचाओ का लगाया नारा, पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
भटनी। रेलवे के निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने रेल बचाओ देश बचाओ का नारा लगाते हुए कर्मियों से एकजुट होने की अपील की। वहीं, कर्मचारियों ने निगमीकरण व आउट सोर्सिंग का विरोध करते हुए पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल करने की मांग की गई।
ऑल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन के आह्वान पर रविवार को शाखा मंत्री मनोज सिंह के नेतृत्व में कर्मचारियों ने निजीकरण का विरोध किया। कर्मचारी प्रदर्शन करते हुए रेल मंत्री और केंद्र सरकार को जमकर कोसा। मनोज सिंह ने कहा कि रेलवे को निजी हाथों में देना सरकार का निर्णय गलत होगा। इससे लाखों कर्मचारियों के नौकरी पर संकट आ जाएगा। कहा कि अभी शुरुआत है तथा अभी इसका विरोध नहीं किया गया तो स्थिति भयावह हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के समाप्त होने पर कर्मचारी देश स्तर पर निजीकरण, निगमीकरण, आउट सोर्सिंग से नियुक्त व पुरानी पेंशन बहाली के लिए विरोध-प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने सभी रेल कर्मचारियों से एकजुट होकर इसका विरोध करने का अपील की। इस दौरान लक्ष्मण प्रसाद, चंद्रावती देवी, अनिल कुमार, आलोक सिंह, पुरुषोत्तम मणि त्रिपाठी, राकेश सिंह, बलिस्टर यादव, ए के गुप्त, रामानंद यादव, के के पाण्डेय, हरेराम यादव, उमेश शर्मा, धर्मवीर यादव आदि उपस्थित रहे।