देवरिया। वायुसेना के लापता एएन-32 ट्रांसपोर्ट विमान में सवार भाटपाररानी के सुरजीपुर गांव के रहने वाले रघुवीर वर्मा के परिवार वालों का दावा है कि रघुवीर के मोबाइल नंबर पर शनिवार की सुबह नौ बजे दो बार घंटी बजी और इसके बाद मोबाइल स्विच ऑफ हो गया।
इसके चार दिन पहले भी घंटी बजने की बात परिवार वाले बता रहे हैं। परिवार वालों को इसके बाद उम्मीद जगी है कि रघुवीर और विमान के अन्य लोग कहीं फंसे हैँ, लेकिन सुरक्षित होंगे। बता दें कि रघुवीर राजस्थान के जोधपुर में वायुसेना में तैनात हैं। 22 जुलाई को चेन्नई से पोर्ट ब्लेयर जा रहा वायुसेना का ट्रांसपोर्ट विमान बंगाल की खाड़ी के ऊपर से लापता हो गया।
इस विमान की तलाश में वायुसेना, नौसेना और तटरक्षक बलों की ओर से बड़े पैमाने पर बचाव आपरेशन शुरू किया गया जो अभी भी जारी है। इस विमान में सुरजीपुर निवासी 22 साल का रघुवीर वर्मा भी सवार था। रघुवीर वायुसेना में तीन वर्ष पूर्व भर्ती हुआ। उसके पिता लखीचंद वर्मा अंडमान निकोबार पुलिस में हेड कांस्टेबल के पद पर तैनात हैं।
वह माता पिता के पास अंडमान निकोबार में छुट्टी बिताने के लिए जा रहा था। विमान ने चेन्नई के तंबारम से पोर्ट ब्लेयर के लिये सुबह उडान भरी थी और कुछ ही देर बाद लापता हो गई। गांव में मौजूद रघुवीर वर्मा के चाचा श्यामाशंकर ने बताया कि विमान में चढ़ने के पहले उसने अपने पिता से अंतिम बार बात की थी। उन्होंने प्रधानमंत्री से इसमें पहल करने का अनुरोध किया है।