- सूचना पर दूसरी पत्नी मृतक के गांव धीनी तुसौरा पहुंची
- पीएम रिपोर्ट की कार्बन कॉपी में मौत का कारण स्पष्ट नहीं
-एसओ ने दो दिन बाद भी नहीं दर्ज की प्राथमिकी
संवाद न्यूज एजेंसी
भाटपाररानी। श्रीरामपुर थाना क्षेत्र के प्रतापपुर चीनी मिल के सहायक विक्रय अधिकारी सोमेंद्र नाथ शर्मा की मौत के मामले में पत्नी थाने में बृहस्पतिवार को मुकदमा दर्ज कराने के लिए गुहार लगाती रही और पत्नी होने का प्रमाण भी दिया। पर पुलिस ने उसे अनसुनी कर दी और दो दिन बाद भी मुकदमा नहीं दर्ज की। वहीं रात में सोमेंद्र के भतीजे को गांव धीनी तुसौरा से बुलाकर चुपके से शव सौंप दिया। सूचना मिलने पर पत्नी भी थाने से शुक्रवार सुबह गांव चली गई।
मृतक सोमेंद्रनाथ की दूसरी पत्नी आशा देवी ने बताया कि पहली पत्नी से तलाक का कागज, एलआईसी के नामनी और आधार कार्ड आदि का प्रमाण देने और तहरीर देने पर भी श्रीरामपुर पुलिस मुकदमा दर्ज नहीं कर रही है। मैं थाने पर थी। उधर जनपद मुख्यालय पर मोर्चरी में रखे पति के शव को गुपचुप तरीके से गांव से भतीजे शुभम शर्मा को पुलिस ने बुलाया और उसे शव सौंप दिया।
उसने बताया कि वह धीमीतुसौरा गांव में है। आशा का कहना है कि उसके पति का शव उसे न सौंपकर पुलिस ने चुपके से उनके भतीजे को बुलाकर सौंप दिया। आशा ने आरोप लगाया कि उसकी तहरीर पर पुलिस कार्रवाई करने को तैयार नहीं है। सोमेंद्र की हत्या कर किसी ने उनका शव लटका दिया था। थानाध्यक्ष श्रीरामपुर राजू सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट की कार्बन कॉपी आई है। उसमें मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो रहा है। इससे मुकदमा दर्ज नहीं किया जा सका है। मूल कॉपी आने पर ही स्पष्ट होगा। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। सोमेंद्र के भतीजे को बृहस्पतिवार रात उनका शव सौंप दिया गया।