- उमड़ने वाली भीड़, प्रशासन और बाबा हंसनाथ शिवधाम सोहगरा मंदिर समिति ने की पूरी तैयारी
- लाइन में खड़े होने के बाद संख्या के अनुसार मंदिर के गर्भ गृह में जाने की इस बार होगी इजाजत
संवाद न्यूज एजेंसी
भाटपाररानी। यूपी व बिहार की सीमा पर स्थित बाबा हंसनाथ शिवधाम सोहगरा मंदिर में श्रावण मास के पहले सोमवार को जलाभिषेक के लिए यूपी-बिहार दोनों प्रांत के श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ेगी। इसे देखते हुए मंदिर समिति के लोग श्रद्धालुओं के बाबा का जलाभिषेक करने और ठहरने की तैयारियों में जुटे हैं। मंदिर समिति के अनुसार सावन के पहले सोमवार को लगभग एक लाख से अधिक लोगों के जलाभिषेक करने की उम्मीद है। इसे देखते हुए मंदिर समिति ने तैयारियां पूरी कर ली है।
समिति के अनुसार श्रावण मास के पहले सोमवार को इस बार यूपी के गोरखपुर, देवरिया, लार, सलेमपुर, बलिया, सिकंदरपुर, गाजीपुर, मऊ, भाटपाररानी तथा बिहार के सिवान, मैरवा, छपरा, गोपालगंज जिले से लोग जलाभिषेक करें।
-
स्थानीय प्रशासन और मंदिर समिति ने की तैयारियां
सोहगरा में श्रावण मास के पहले सोमवार पर स्थानीय प्रशासन और मंदिर समिति ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पहले से बने चार्ट पर काम कर रही है। सिवान जिले के गुठनी के सीओ डॉ. विकास कुमार ने बताया कि आने वाले लोगों को पहले मुख्य मार्ग से पैदल मंदिर के मुख्य गेट तक आने की इजाजत दी गई है। इसके बाद मुख्य द्वार पर लाइन में खड़े होने के बाद संख्या के अनुसार मंदिर के गर्भ गृह में जाने की इजाजत दी जाएगी, जबकि इसके पूर्व मुख्य मार्ग, मुख्य द्वार, प्रवेश द्वार, मंदिर परिसर में मजिस्ट्रेट की तैनाती की गई है।
मंदिर समिति ने आने वाले श्रद्धालुओं के लिए की व्यवस्था
सोहगरा में श्रावण मास के पहले सोमवार को लेकर जो तैयारियां की गई हैं, उनमें प्रमुख रूप से मंदिर की साफ सफाई, मंदिर परिसर में रोशनी की व्यवस्था, शौचालय, स्वच्छ पेयजल, सुरक्षा, जलपान की व्यवस्था शामिल है। मंदिर में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। वहीं दूर दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने, भोजन की व्यवस्था की गई है। इसमें मंदिर समिति के अध्यक्ष बृजेश कुमार सिंह, रंजीत कुशवाहा, महंत अरविंद गिरि, कौशल सिंह, मिनहाज सुहागरवी, रवि, सतेंद्र मिश्र, मनोज सिंह, आरबी सिंह, कृष्णानंद गिरी, सत्येंद्र गिरि समेत बाबा हंसनाथ सेवा समिति एवं युवा सदस्यों द्वारा सहयोग किया गया है। गुठनी थानाध्यक्ष विकास कुमार सिंह ने सुरक्षा के दृष्टि से श्रद्धालुओं से मंदिर परिसर और भीड़ भाड़ वाली जगहों पर आभूषण पहन कर दर्शन करने आने से परहेज करने की अपील की है।