देवरिया। जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति दिशा की बैठक सदर सांसद शशांक मणि त्रिपाठी की अध्यक्षता, सलेमपुर सांसद रमाशंकर राजभर की सह अध्यक्षता एवं ग्राम्य विकास राज्य मंत्री विजय लक्ष्मी गौतम, जिला पंचायत अध्यक्ष पंडित गिरीश चंद तिवारी की उपस्थिति में हुई। यह बैठक शुक्रवार को विकास भवन स्थित गांधी सभागार में आयोजित हुई। बैठक में जनपद के विकास पर व्यापक विचार विमर्श किया गया तथा जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों को पूरक मानते हुए आपसी समन्वय स्थापित कर विकसित देवरिया के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कार्य करने की अपेक्षा की गई।
बैठक के प्रारंभ में सदर सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने प्रोजेक्ट अमृत प्रयास द्वारा देवरिया के विकास की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने प्रोजेक्ट अमृत प्रयास के अंतर्गत 10 वर्ष में प्राप्त किए जाने वाले लक्ष्यों की संकल्पना प्रस्तुत की। उन्होंने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि जब जनप्रतिनिधि किसी कार्य को लेकर आएं, तो उसे गंभीरता से लिया जाए और संबंधित अधिकारियों को उस पर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। सलेमपुर सांसद रमाशंकर राजभर ने गांवों में जल निकासी और पानी विवाद से संबंधित समस्याओं के समाधान पर जोर दिया।
ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजयलक्ष्मी गौतम ने जनपद में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत गठित स्वयं सहायता समूहों को अधिक सक्रिय करने का निर्देश दिया। रामपुर कारखाना विधायक सुरेंद्र चौरसिया ने प्रमुख मार्गों पर स्थित बिजली के खंभों तथा पेड़ों को हटाने का मुद्दा उठाया। भाटपाररानी विधायक सभाकुंवर कुशवाहा ने उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करने और उसकी मॉनिटरिंग दैनिक आधार पर करने की बात कही। बरहज विधायक दीपक मिश्रा शाका ने सोहनाग धाम के निकट स्थित सरोवर के अब तक सुन्दरीकरण कार्य पूर्ण न होने का प्रकरण उठाया।