ग्राम प्रधान की हालत नाजुक देखकर डॉक्टरों ने उन्हें गोरखपुर मेडिकल कॉलेज भेज दिया। जहां इलाज के दौरान मंगलवार सुबह उनकी मौत हो गई। घटना की जानकारी होने पर घर में कोहराम मच गया। पत्नी सोनी व मां सावित्री दहाड़ मारकर रोने लगीं। पिता राम छबीला, छोटे भाई शिक्षा मित्र संतोष सिंह, प्रतोष सिंह व गोविंद का रो-रोकर बुरा हाल था।
बिना हेलमेट बाइक पर पीछे बैठे सकतुआ गांव के ग्राम प्रधान आशुतोष सिंह की सड़क हादसे में मौत हो गई। हादसे से घर में कोहराम मच गया है। घर के सबसे बड़े बेटे के असामयिक निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पिता राम छबीला सिंह ने रोते हुए कहा कि बेटा यदि हेलमेट लगाए होता तो उसकी जान बच सकती थी। परिजनों ने लोगों से हेलमेट पहनकर ही बाइक पर बैठने और चलाने की अपील की है।