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राजनीति का अखाड़ा बनी नगर पालिका

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राजनीति का अखाड़ा बनी नगर पालिका
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देवरिया। ईओ सत्यप्रकाश सिंह के समय से नगर पालिका में शुरू हुई गुटबाजी थमने का नाम नहीं ले रही। तब कर निर्धारण अधिकारी ने ईओ पर अधिकारों का हनन समेत वेतन रोककर मानसिक उत्पीड़न करने का आरोप लगाया था। अब कुछ वैसा ही आरोप कर निर्धारण अधिकारी के अधीनस्थ उन पर लगा रहे हैं। चारों राजस्व निरीक्षकों के साथ अनुभाग के करीब दो दर्जन कर्मचारियों ने अपने अधिकारी के विरोध में उतर आए हैं।
बुधवार को कर्मचारियों ने नगर पालिका चेयरमैन, डीएम सहित मंडलायुक्त को शिकायती पत्र भेजकर कर निर्धारण अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। बृहस्पतिवार को यह मामला नगर विकास कर्मचारी संघ में भी जोर पकड़ लिया। व्हाट्सएप ग्रुप में चर्चा के दौरान संघ के प्रदेश अध्यक्ष सत्यव्रत शुक्ला ने कर निर्धारण अधिकारी के खिलाफ शिकायत में कर्मचारियों का साथ देने का ऐलान किया है। उधर, बगावत पर उतरे कर्मचारियों के खिलाफ कर निर्धारण अधिकारी ने भी कच्चा-चिट्ठा तैयार किया है। जिसके सहारे वह चारों राजस्व निरीक्षकों को कार्यमुक्त करने के लिए शासन में पत्र भेज चुके हैं। एक कर्मचारी पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए डीएम से लिखित शिकायत की है। राजस्व अनुभाग में चल रहे घमासान में वर्तमान ईओ रोहित सिंह मूकदर्शक बने हुए हैं।
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दस माह से नगर पालिका में चल रही गुटबाजी
दिसंबर 2019 में कर निर्धारण अधिकारी शशिकला के कार्यभार ग्रहण करने के कुछ दिन बाद ही नगर पालिका में गुटबाजी की नींव पड़ गई। यहां लंबे समय से कर निर्धारण अधिकारी की तैनाती नहीं थी। कर अधीक्षक हरिश्चंद्र के स्थानांतरण के बाद यह पद भी रिक्त था। ईओ एसपी सिंह का हस्तक्षेप राजस्व अनुभाग के ज्यादातर कार्यों में था। अधिकार को लेकर ईओ और कर निर्धारण अधिकारी के बीच विवाद शुरू हो गया। ईओ ने लंबे समय तक कर निर्धारण अधिकारी का वेतन लटकाया तो उन्होंने नौ बिंदुओं का शिकायती पत्र डीएम को सौंपकर जांच की मांग की। इस बीच राजस्व अनुभाग के कर्मचारी भी दो खेमे में बंट गए। सीआरओ की जांच में ईओ पर लगे ज्यादातर आरोप सही पाए गए। जिसके बाद एसपी सिंह का तबादला हो गया, लेकिन गुटबाजी समाप्त नहीं हुई।
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नगर पालिका कार्यालय की उपयोगिता जनता की सेवा के लिए है, राजनीति के लिए नहीं। राजस्व अनुभाग में चल रहे गतिरोध की जानकारी मिली है। चुनावी व्यस्तता के चलते समय नहीं दे पा रही हूं। जल्द ही दोनों पक्ष को बैठाकर इस मामले को हल करने का प्रयास करूंगी।
- अलका सिंह, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद देवरिया
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